14 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जांच अधर में,युवक का बयान दर्ज, रेलवे बचा रहा टीटीई को

नौतनवा एक्सप्रेस के टीटीई ऐसी किसी घटना होने से इंकार कर रहे।

3 min read
Google source verification
railway

जांच अधर में,युवक का बयान दर्ज, रेलवे बचा रहा टीटीई को

बिलासपुर. टिकट की जांच के समय टीटीई के धक्का देने से एक पैर गंवा चुके इंद्रकुमार ने अपने हर बयान में कहा है कि टीटीई ने ही उन्हें धक्का दिया था। हादसे के तीन दिन बाद भी रेलवे अधिकारी अब तक किसी नतीजे तक नहीं पहुंचे हैं। दूसरी तरफ अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने नौतनवा में ड्यूटी पर रहे तीनों टीटीई का बयान लिया है। इन तीनों ने ऐसी किसी घटना से इंकार किया है। शनिवार को हुई घटना को लेकर रेलवे प्रशासन शुरु से ही गंभीर नहीं रहा। मंगलवार को देर रात पीडि़त इंद्रकुमार कश्यप का रेलवे की तीन सदस्यीय टीम ने बयान दर्ज किया। आरपीएफ ने इंद्रकुमार का और सीनियर ड़ीसीएम ने तीनों टीटीई से पूछताछ की है। उसके बाद भी रेलवे के अधिकारी अब तक किसी नतीजे तक नहीं पहुंच सके है। पीडि़त जहां टीटीई पर धक्का देकर गिराने का आरोप लगा रहा है वहीं नौतनवा एक्सप्रेस के टीटीई ऐसी किसी घटना होने से इंकार कर रहे।

मामले की जांच कर रहे रायपुर मंडल के अधिकारी जांच का हवाला तो दे रहे है लेकिन कुछ भी कहने से भी बचते नजर आ रहे है। नौतनवां एक्सप्रेस में टीटीई द्वारा अपना एक पैर गवा चुके इंद्रकुमार ने बताया कि वह कोतमा स्टेशन से पहले रेलवे द्वारा बनाए जा रहे अंडर ब्रिज में मजदूर है। शनिवार की सुबह लगभग 8.30 बजे वह हरदा से पैंसजर अनूपपुर रेलवे स्टेशन पहुंचा। वहां पहले से पेंड्रा के लिए ट्रेन खड़ी थी, वह बिना पूछे ट्रेन में चढ़ गया। चढ़ती ट्रेन में टीटीई ने टिकट मांगा मैने दिखा दिया तो टीटीई बोले यह एक्सप्रेस गाड़ी है 800 रुपए लगेंगे, कहकर उसे गेट तक ले गया जहां युवक ने दो सौ रुपए होने की बात कही तो टीटीई ने रुपए लेने से इंकार किया और उसे धक्का दे दिया। संतुलन बिगडऩे से वह गिर गया और ट्रेन की चपेट में आने से उसका पैर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। उसने अपने मामा के लडक़े संदीप कश्यप को घटना की जानकारी दी। वहीं खड़े कुछ लोगों ने उसे प्राइवेट गाड़ी टाटा मैजिक से पेंड्रा के सेनेटरियम लेकर गए पहुंचे थे।

अमित ने रेल मंत्री से कहा पीडि़त को दें एक करोड़ मुआवजा : अमित जोगी ने जोन जीएम को भेजा पत्र, कहा, क्या लोगों की जान से खिलवाड़ करेगा। मरवाही विधायक अमित जोगी ने पीडि़त युवक को रेल मंत्रालय द्वारा 1 करोड़ मुआवजा और रेलवे में नौकरी की मांग की। उन्होंने रेलवे को आड़े हाथों लेते हुए रेलमंत्री पीयूष गोयल और जोन के महाप्रबंधक सुनील सिंह सोइन को पत्र लिख घटना पर त्वरित कार्रवाई की मांग की है। अमित ने एसईसीआर के महाप्रबंधक को ट्वीट करके भी पूछा है। पत्र के अंत में जोगी ने लिखा है कि यह बहुत ही गंभीर घटना है। एक जनप्रतिनिधि होने के नाते उन्होंने रेलमंत्री से निवेदन किया है कि इस मामले में दोषी टीटीई के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज हो और तत्काल विभागीय कार्रवाई की जाए। साथ ही परिवार के सदस्यों को मुआवजा व नौकरी दी जाए। ताकि वे अपना भरण-पोषण कर पाएं।
पीडि़त ने अधिकारियों को दर्ज कराया बयान :सवाल 1. क्या आप बता सकते है किस ट्रेन से अनूपपुर तक सफर कर रहे थे। इंद्र कुमार - हरद से चिरमिरी कटनी पैसेंजर से अनूपपुर तक पहुंचा जहां प्लेटफॉर्म 1 में खडी ट्रेन में चढ़ गया था पेंड्रा के लिए। पता नहीं किया था एक्सप्रेस है या पैसेंजर जहां था वह स्लीपर क्लास कोच थी

सवाल 2. आपके साथ कोई सहभागी था
इंद्रकुमार- मै हरद से पेंड्रा के लिए निकला था मेरे साथ कोई नहीं था
सवाल 3. यात्रा के दौरान टीटीई ने कहा पर टिकट चेक किया
इंद्रकुमार- टिकट चेक के दौरान ट्रेन चल रही थी मुझे नहीं पता ट्रेन किस स्टेशन के नजदीक थी
सवाल 4. सफर के दौरान टीटीई ने कितने रुपए मांगे
इंद्रकुमार- आठ सौ रुपए मांगा था।
सवाल 5. क्या टीटीई को पहचान सकते है, उसका नाम जानते है
इंद्रकुमार- देखने से पहचान सकता हूं, मै नाम नहीं देख पाया

सवाल 6. घटना के बाद आपसे वेंकटनगर स्टेशन मास्टर मिले
इंद्रकुमार- घटना के बाद कई लोग खड़े थे मुझसे नाम पता पूछ रहे थे कौन कौन थे मै नहीं पहचानता
सवाल 7. कहा तक पढ़े हो
इंद्र कुमार- दसवीं फे ल हूं
घटना से किया इंकार : नौतनवां एक्सप्रेस में शनिवार को एक सीनियर टीटीई व दो जूनियर टीटीई की ड्यूटी लगी थी। तीनों से बुलाकर पूछताछ की गई है सभी ने ऐसी घटना होने से इंकार कि या है। मामले में जांच की जा रही है।
अनमय मुखोपाध्याय, सीनियर डीसीएम रायपुर रेल मंडल