
बिलासपुर. चखना दुकान को लेकर कोई गाइडलाइन नहीं है, आलम यह है कि सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने पर कार्रवाई होती है लेकिन चखना सेंटर में शराब पीने पर कार्रवाई नहीं होती जबकि ये सेंटर ही अवैध हैं। मजे की बात यह है कि शहर में धारा-144 लागू है लेकिन यहां कोई रोकटोक नहीं है। बेखौफ लोग रात हो या दिन किसी भी समय शराब पी रहे हैं। दरअसल शहर के सफेदपोश ही सेंटरों का संचालन कर रहे हैं, जो रोजाना 3 से 10 हजार तक भाड़ा ले रहे हैं।
प्रदेश में चुनाव तिथि की घोषणा होते ही आचार संहिता लागू हो गई है। इसके बाद से धारा-144 लागू कर दिया गया है, लेकिन शराब दुकान के बाहर कोई नियम और कानून लागू नहीं हो रहा है। यहां प्रशासन ने पूरी तरह से छूट दे रखी है।
शहर हो या गांव चखना सेंटर वहां के लोग अपने अनुसार संचालित कर रहे हैं। यहां बाकायदा शराबियों को बैठ कर खोन-पीने की सुविधा दी जा रही है। बहुत से चखना सेंटर तो ढाबे की तर्ज पर बनाए गए हैं। जहां हर तरह की सुविधा दी जा रही है। शहर के पुराने बस स्टैंड पर स्थित शराब दुकान के बाहर चखना सेंटर खुलेआम चलाया जा रहा है। यहां खुलेआम लोग शराब पी रहे हैं, जिससे आम आदमी का आना-जाना मुश्किल हो रहा है। बतादें कि यही पर जिला अस्पताल है, लिहाजा यहां जिले भर से मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। शराबियों के चलते उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसी तरह शहर के राजकिशोर नगर, अशोक नगर, चांटीडीह, शनिचरी, व्यापार विहार, स्वदेशी प्लाजा, मंगला, मोपका, कोनी समेत शहर के अन्य इलाकों में भी खुलेआम चखना सेंटरों का संचालन रसूखदार कर रहे हैं।
हर दुकान के अपने रेट तय, महीनों का वसूल रहे लाखों...
शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में जितने भी चखना सेंटर चलाए जा रहे हैं, उन्हें किसी न किसी राजनीतिक पार्टी के रसूखदार चला रहे या उनकी सह पर चल रहे हैं। इन रसूखदार नेताओं को एक दुकान से जगह के अनुसार हर दिन हजारों रुपए मिल रहे हैं।
आरकेनगर: सडक़ के आसपास की जगह बन गई आहाता...
सीपत रोड में राजकिशोर नगर के पहले अंग्रेजी और देशी शराब दुकान है। यहां सडक़ के दोनों ओर लोग शराब पीते हैं। इन पर कभी कार्रवाई नहीं हुई, लिहाजा देर रात तक शराबियों का जमावड़ा लगा रहता है। महिलाएं व बच्चे तो इस राह से गुजरने में भी डरते हैं।
आहाता इकोनॉमी‘ रसूखदारों की वसूली’
बिरकोना में रसूखदारों का कब्जा, अपने अनुसार चला रहे
कोनी में भी रसूखदारों का कब्जा, अपने अनुसार चला रहे
पुराना बस स्टैंड में 6 से 8 हजार रुपए तक प्रतिदिन
स्वदेशी मदिरा दुकानों में 10 हजार रुपए प्रतिदिन
व्यापार विहार में 6 से 8 हजार रुपए तक प्रतिदिन
सरकंडा क्षेत्र में 3 से 4 हजार रुपए तक प्रतिदिन
शनिचरी में 6 से 8 हजार रुपए तक प्रतिदिन
मोपका में 3 से 4 हजार रुपए तक प्रतिदिन
मंगला में 5 से 6 हजार रुपए तक प्रतिदिन
देखाना पड़ेगा कहां किस तरह दुकानें संचालित हो रही हैं। यह जानकारी आपके माध्यम से मिल रही है। इसको दिखवाता हूं।
अवनीश शरण, कलेक्टर व जिला निर्वाचन अधिकारी
Published on:
15 Oct 2023 12:33 pm
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