जिन लोगों के पास आधार कार्ड नहीं है, सरकार ने उन्हें खाद्य कानून के तहत सब्सिडी वाला अनाज प्राप्त करने के लिए 30 जून तक का समय दिया है।
मोदी सरकार ने 8 नवंबर को देश में नोटबंदी की घोषणा कर दी थी। नोटबंदी करने के बाद सरकार लगातार ऐसे कदम उठा रही है जिससे नकद लेन-देन कम हो। इसी वजह से सरकार ने अब आधार कार्ड को लेकर एक और घोषणा की है।
केंद्र सरकार ने राशन की दुकानों से सस्ता अनाज प्राप्त करने के लिए आधार कार्ड को अनिवार्य कर दिया है। जिन लोगों के पास आधार कार्ड नहीं है, सरकार ने उन्हें खाद्य कानून के तहत सब्सिडी वाला अनाज प्राप्त करने के लिए 30 जून तक का समय दिया है।
डिजिटलाइज करना उद्देश्य
केंद्र सरकार का इस फैसले के पीछे मकसद देश की सारी राशन की दुकानों को पूरी तरह से डिजिटलाइज करना है। सरकार के इस फैसले के मुताबिक, कैशलेस सिस्टम से आधार को लिंक कर दिया जाएगा। अब राशन केंद्रों से सामान लाने के लिए सिर्फ आधार कार्ड साथ ले जाना पड़ेगा।
ये होगा फायदा
अच्छी बात यह है कि राशन के आधार कार्ड से लिंक हो जाने पर सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में घोटाला नहीं हो पाएगा। इसके साथ ही यह भी पता चल पाएगा कि कितने लोगों ने राशन लिया है। राशन की दुकानों से सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत सस्ता अनाज लेने वाले लोगों को संबंधित दुकानों पर अपना आधार नंबर दर्ज कराना होगा।