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10 हजार कर्मचारियों को नौकरी से निकालने की तैयारी में माइक्रोसॉफ्ट, रेग्युलेटरी फाइलिंग में दी जानकारी

माइक्रोसॉफ्ट 10,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकालने की तैयारी में है, जिसके बारे में रेग्युलेटरी फाइलिंग में जानकारी दी है। माइक्रोसॉफ्ट की ओर से कहा गया है कि वह अपने हार्डवेयर पोर्टफोलियो में भी बदलाव करेगी।

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Abhishek Kumar Tripathi

Jan 18, 2023

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Microsoft cuts 10,000 jobs; 'Hard choices to remain...' reads Nadella's email

ट्विटर, मेटा, अमेजन और शेयरचैट के बाद अब माइक्रोसॉफ्ट ने भी कर्मचारियों की छटनी के बारे में जानकारी दी है। ग्लोबल दिग्गज टेक कंपनी माइक्रोसॉफ्ट ने 10,000 कर्मचारियों का ले-ऑफ करने जा रही है जो कि कंपनी के कुल ग्लोबल वर्कफोर्स का 5% से भी कम है। माइक्रोसॉफ्ट ने रेग्युलेटरी फाइलिंग में कर्मचारियों की छटनी के बारे में जानकारी दी है, जिसमें बताया है कि जो कर्मचारी इससे प्रभावित हुए हैं उन्हें नोटिफाई कर दिया गया। इसमें से कई कर्मचारियों की छटनी कंपनी ने तुरंत शुरू कर दी है।

इससे पहले माइक्रोसॉफ्ट के CEO सत्या नडेला ने इस बात का संकेत दिया था कि कंपनी के कामकाज में कुछ बदलाव देखने को मिल सकता है। ग्लोबल चैलेंज के सामने माइक्रोसॉफ्ट अप्रभावित नहीं रह सकती, जिसके कारण आने वाले 2 साल कंपनी के लिए शायद मुश्किल भरे हो सकते हैं।

हार्डवेयर पोर्टफोलियो में भी माइक्रोसॉफ्ट करेगा बदलाव
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार CEO सत्या नडेला ने इस संबंध में कर्मचारियों को एक ईमेल भेजा है। उसमें उन्होंने कहा है कि उन्हें विश्वास है कि माइक्रोसॉफ्ट इस स्थिति से उभरेगा। इसके साथ ही नडेला ने कहा है कि कंपनी अपने हार्डवेयर पोर्टफोलियो में भी बदलाव करेगी। हालांकि उन्होंने कहा है कि "हम अपने भविष्य के लिए रणनीतिक क्षेत्रों में निवेश करना जारी रखेंगे, जिसका अर्थ है कि हम अपनी पूंजी दोनों आवंटित कर रहे हैं और कंपनी के लिए धर्मनिरपेक्ष विकास और दीर्घकालिक प्रतिस्पर्धात्मकता के क्षेत्रों में ले जा रहे हैं।"

छंटनी का दौर में कर्मचारियों में डर का माहौल
दुनियाभर की बड़ी-बड़ी कंपनियों में कर्मचारियों को ले-ऑफ किया जा रहा है। इसके कारण कर्मचारियों के बीच नौकरी की सिक्योरिटी को लेकर डर का माहौल देखा जा रहा है। माइक्रोसॉफ्ट ने कोरोनाकाल के दौरान तो जमकर हायरिंग की थीं, लेकिन पर्सनल कंप्यूटर्स के मार्केट के निगेटिव असर को देखते हुए माइक्रोसॉफ्ट की विंडोज और डिवाइसेज के सेल्स पर असर पड़ा है। जिसके बाद माइक्रोसॉफ्ट ने भी कर्मचारियों को निकालना शुरू कर दिया है।

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