छिंदवाड़ा . 'सर, मुझे स्कूली ड्रेस और किताब-कॉपी के लिए पैसे चाहिए' यह कहते ही एक बालिका ने अपने साथ लाई मिठाई मंगलवार को जनसुनवाई ले रहे कलेक्टर जेके जैन के सामने रख दी। इससे वे आश्चर्य में पड़ गए। उन्होंने बालिका के अबोध मन को भांपते हुए उस मिठाई को उपस्थित लोगों में बांटने के लिए कहा। उसके बाद शिक्षा विभाग के अधिकारियों को इस बालिका के लिए ड्रेस-पुस्तक का इंतजाम करने के आदेश दिए।यह बालिका आफरीन मंसूरी चौरई उत्कृष्ट विद्यालय में कक्षा 9वीं की छात्रा है। उसने बताया कि उसके पिता शेख शरीफ विकलांग हंै और मां दूसरे के घरों में काम करती है। दो छोटे भाई-बहन और होने से घर का गुजारा मुश्किल से चलता है। वह पढऩा चाहती है।