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20 साल के इस खिलाड़ी को मिला सचिन का साथ, कहा- उम्र नहीं जिगरा मायने रखता है

भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टेस्ट सीरीज में दूसरा मुकाबला लॉर्ड्स के मैदान पर 9 अगस्त से खेला जाना है, पहले मैच में भारत को 31 रनों से हार का सामना करना पड़ा था।

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Akashdeep Singh

Aug 08, 2018

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट के आइकॉन सचिन तेंदुलकर को लगता है कि खिलाड़ी की प्रतिभा उसकी उम्र से अधिक मायने रखती है। उनका कहना है कि अगर खिलाड़ी कम उम्र में अच्छा प्रदर्शन करता है तो उसका टीम में चयन होना चाहिए। लॉर्ड्स टेस्ट के लिए चुनी गई इंग्लैंड की टीम में दो खिलाड़ियों की उम्र 20 साल है। वहीं भारतीय टीम के सबसे कम उम्र के खिलाड़ी ऋषभ पंत हैं जिनकी उम्र 20 साल है। भारत और इंग्लैंड के बीच दूसरा टेस्ट मैच लॉर्ड्स के मैदान पर 9 अगस्त से होना है।


इंग्लैंड की टीम में हैं 20 साल के 2 खिलाड़ी-
सचिन तेंदुलकर ने 17 साल की उम्र में अपना पहला शतक ओल्ड ट्रेफोर्ड में इंग्लैंड के खिलाफ लगाया था। इस शतक के चलते भारत ने यह मैच बचा लिया था और सचिन को मैन ऑफ़ द मैच चुना गया था। हलाकि सचिन के जितनी उम्र वाला कोई भी खिलाड़ी दोनों टीमों में नहीं है लेकिन इंग्लैंड के लिए डेब्यू करने जा रहे ओली पोप की उम्र मात्र 20 साल है। इसके साथ भारत के खिलाफ पहले टेस्ट में इंग्लैंड की ओर से डेब्यू करने वाले सैम कुरेन की उम्र भी 20 साल ही है। उन्होंने तो अपने पहले ही मैच में मैन ऑफ़ द मैच का खिताब भी जीता।


कम उम्र पर खेलने से होता है फायदा-
कम उम्र के खिलाड़ियों के चयन पर सचिन ने कहा कि "अगर कोई अच्छा खिलाड़ी है तो उसको देश के लिए खेलने का मौका मिलना चाहिए और उसकी उम्र इसके आड़े नहीं आनी चाहिए।" सचिन ने आगे बताया कि जब उन्होंने अपना पहला मैच(पाकिस्तान के खिलाफ 1989-90) खेला था तब वह केवल 16 साल के ही थे और कम उम्र पर खेलना शुरू करना उनके लिए फायदेमंद ही साबित हुआ था। उन्होंने बताया कि वह नहीं जानते थे कि वसीम अकरम, वकार यूनिस और अब्दुल कादिर जैसी बेस्ट बोलिंग लाइन-अप के खिलाफ कैसे खेलना है। हलाकि सचिन ने यह बहुत जल्द ही सीख लिया था।

कुरेन और पोप को सचिन का पाठ-
सचिन ने कहा कि कम उम्र में आप निडर होते हैं क्योंकि आप केवल एक पहलू ही देख पाते हैं। अनुभव और परिपक्वता के साथ आप दूसरे पहलू को भी देख पाते हैं और दोनों चीजों को आप साथ लेके चलना सीख पाते हैं। उन्होंने ओली पोप और सैम कुरेन के लिए कहा कि यही उम्र है जब आप निडर होकर अपना बेस्ट देने की कोशिश करते हैं और मैं भी इन दोनों खिलाड़ियों से यही करने को कहूंगा। खेल को एन्जॉय कीजिए क्योंकि भविष्य में कठिन वक्त भी आएगा लेकिन आप उसी के लिए तैयारी करते हैं और उसी चैलेंज के लिए जीते हैं।