हमेशा भगवान अपने सभी भक्तों से मिलने के लिए मंदिर से स्वयं चलकर बाहर आते हैं। अगर मन में इच्छा हो और भक्त भगवान के दर पर नहीं जा सके तो ऐसे में स्वयं भगवान चले आते हैं। जी हैं आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की द्वतीया तिथि को ऐसा ही नजारा पिछले 200 साल से मध्यप्रदेश के विदिशा जिले के मानोरा गांव में स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर में देखने को मिलता है। जानें पूरी कहानी।