
Villagers are crossing rivers and drains to reach the city from village, problems increase during rains.
डिंडौरी. राज्य और केंद्र सरकार सडक़ों का जाल बिछा रही है और सभी गांवों को शहरों से जोड़ा जा रहा है। प्रधानमंत्री सडक़ योजना, मुख्यमंत्री सडक़ योजना के तहत सडक़े बनाई जा रही है और इसी के तहत नदी और नालो मे पुलो का निर्माण भी कराया जा रहा है। इसके बाद भी कुछ गांव आत भी ऐसे हैं जो विकास से कोसों दूर हैं। इन गांवों में रहने वाले लोगों को शहर पहुंचने के लिए नदी नालो को पार करना पड़ रहा है। आजादी के बाद से अब तक इन नदी नालों में पुल नहीं बन पाया। ग्रामीणो को अपनी जान जोखिम मे डालकर नदी और नालो को पार करना पड़ता है। ऐसी ही स्थिति जिले के गाड़ासरई से बच्छरगांव के बीच बहने वाली चकरार नदी की है। इस नदी में पुल न बनने के कारण दर्जनों गांव के लोगों को नदी पार करना आगे का सफर तय करना पड़ता है। इस ओर जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधि ध्यान नहीं दे रहे हैं। आश्वासन के अलावा ग्रामीणों को आज तक कुछ भी नहीं मिला है।
बच्छरगांव पहुंचने 15 किमी का घुमाव
चकरार नदी मे पुल न होने के कारण गाड़ासरई और बच्छरगांव की दूरी जो महज दो किलोमीटर है वह 15 किलोमीटर हो जाती है। बच्छरगांव और उसके आसपास के दर्जनों गांव के रहवासियों को गाड़ासरई बाजार करने के लिए सागर टोला से घूमकर आना पड़ता है। नदी में पुल न होने की वजह से लोगों को इस समस्या का सामाना करना पड़ रहा है।
कई बार प्रशासन व जनप्रतिनिधियों से की मांग
पुल निर्माण को लेकर समय-समय पर क्षेत्र के लोगो ने जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की लेकिन उनकी कहीं कोई सुनवाई नहीं हुई। ग्रामीणों को आश्वासन तो मिला लेकिन अब तक पुल नहीं मिल पाई। जानकारी के मुताबिक पुल निर्माण को लेकर क्षेत्र के लोगो ने विधानसभा चुनाव 2018 मे भी पुल निर्माण के लिए आवाज उठाई थी और पुल न बनने पर चुनाव बहिष्कार की चेतावनी भी दी थी। तत्कालीन कलेक्टर कि समझाइश के बाद लोगों ने मतदान किया था, लेकिन उसके बाद जिला प्रशासन ने सुध नहीं ली।
Published on:
01 Dec 2023 12:31 pm
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