
Boiling of basil, sunthi and cinnamon will increase immunity
नई दिल्ली। कोरोना से निपटने के लिए सरकार लगातार रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ावा देने पर जोर दे रही है। आयुष मंत्रालय ने आयुष क्वाथ के नाम से गोली या चूर्ण में मिश्रण उपलब्ध कराने का फैसला किया है। तुलसी, सुन्थी, दालचीनी और काली मिर्च का मिश्रण ज्यादा से ज्यादा बनाने के लिए मंत्रालय ने आयुष उत्पाद निर्माता कंपनियों, राज्य व केंद्र शासित राज्यों को निर्देश देते हुए अपने अपने राज्यों में इसका निर्माण शुरू करने के लिए कहा है।
आयुष मंत्रालय के अनुसार, तीन तरह के फार्मूले आयुर्वेद के लिए आयुष क्वाथ, सिद्ध के लिए आयुष कुडीनीर तथा यूनानी के लिए आयुष जोशांदा के निर्माण का सुझाव दवा कंपनियों को दिया है। यह पाउडर और टैबलेट दोनों रुपों में होगा। इसके लिए औषधि व प्रसाधन सामग्री नियम 1945 के तहत लाइसेंस प्रक्रिया को सरल बनाया गया है।
इस फैसले के बाद एमिल फार्मास्युटिकल ने आयुष क्वाथ बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। कंपनी के एमडी केके शर्मा ने बताया कि कोरोना महामारी में पारंपरिक चिकित्सा भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। मंत्रालय से दिशा-निर्देश मिलने के बाद आयुष क्वाथ को बनाने की तैयारी शुरू हो चुकी है। इसके लिए आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात में आयुष चिकित्सा की अहम भूमिका पर चर्चा की थी। इससे पहले बीते 14 अप्रैल को देश को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने मजबूत रोग प्रतिरोधक क्षमता के जरिए कोरोना की इस लड़ाई को जीतने पर जोर दिया था।
Published on:
26 Apr 2020 08:48 pm

बड़ी खबरें
View Allरोग और उपचार
स्वास्थ्य
ट्रेंडिंग
लाइफस्टाइल
