कुल्हाड़ीघाट मार्ग पर माओवादियों की ओर से विस्फोटक टिफिन बम लगाए जाने की खबर से क्षेत्र में लंबे समय के बाद लोगों में दहशत देखने को मिली। लंबे समय से लगातार सीआरपीएफ एवं पुलिस बल की सक्रियता से क्षेत्र में माओवादी दहशत कम हो गई थी। यहां तक की दूर दूर तक माओवादी गतिविधि पूरी तरह शून्य सी पड़ गई थी।
बुधवार को मैनपुर-कुल्हाड़ीघाट मुख्यमार्ग पर मैनपुर से लगभग 15 किमी दूर कठुआ से डेढ़ किमी मुख्य मार्ग के किनारे मिट्टी पोला कर मार्ग में बड़ा टिफिन बम छिपाकर लगाया गया था, जिसकी जानकारी लगते ही सीआरपीएफ एवं पुलिस बल के जवान मुस्तैदी के साथ कुल्हाड़ीघाट मुख्य मार्ग को छावनी में तब्दील कर दिया गया।
कोई बड़ी दुर्घटना न हो, इसलिए मार्ग से आना जाना ऐतिहाद के तौर पर बंद करवा दिया गया। माओवादी आपरेशन के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एल डेविड दोपहर 2.30 बजे के आसपास दल बल के साथ पहुंचे और पुलिस के खोजी डॉग द्वारा बम स्थल का निरीक्षण करने के बाद बम को ड्फ्यिूज करने की कार्रवाई शुरू की गई। दोनों तरफ लोगों को दो-दो किमी दूर करने के बाद बम निरोधक दस्ता द्वारा बम को ड्फ्यिूज लगभग शाम 4.35 बजे किया गया। टिफिन बम इतना बड़ा व भारी विस्फोटकों से भरा हुआ था कि उसकी आवाज लगभग पांच किमी दूर तक लोगों को सुनाई दी।
बम के फटने से पांच फीट गहरा गड्ढा
माओवादियों की ओर से सड़क में छिपाकर लगाया गया बम इतना भयानक था कि जब इसे ड्फ्यिूज किया गया तो इसके विस्फोट से सड़क पर पांच फीट गहरा गड्ढा निर्मित हो गया। डामरीकरण सड़क बीस फीट उपर तक इधर-उधर बिखर पड़ा। जिसकी भयानक आवाज पांच किमी दूर तक लोगों को सुनाई दी। कुल्हाड़ीघाट में पुलिस के कैंप लगाए जाने के बाद यह पहली माओवादियों द्वारा बम लगाए जाने की घटना है और यह महज पुलिस कैंप से दो किमी दूर पर बम सड़क पर लगाया गया था।
सफलता पूर्वक किया गया डिफ्यूज
इस संबंध में चर्चा करते हुए माओवाद आपरेशन के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गरियाबंद एल.डेविड ने बताया कि माओवादियों की ओर से कुल्हाड़ीघाट से डेढ़ किमी दूर मैनपुर मुख्य मार्ग में सड़क किनारे 15 से 20 किलो के बम लगाए गए थे। यह बहुत बड़ी मात्रा में लगाया गया था। इसके फटने से फोर्स व आमजनता को काफी नुकसान हो सकता था। वाहन भी इससे उड़ सकते थे, जिसे गरियाबंद जिला पुलिस बल एवं सीआरपीएफ के सहयोग से सफलता पूर्वक ड्फ्यिूज किया गया।
लगातार पुलिस के जवान सीआरपीएफ द्वारा जंगल क्षेत्र का सर्चिंग किया जा रहा है। उन्होंने बताया इस बम को पुलिस के जवान फोर्स व आमजनता को नुकसान पहुंचाने माओवादियों द्वारा लगाया गया था। यह क्षेत्र काफी संवेदनशील है।