
Gorakhnath: नव देव-मंदिर
गोरखनाथ मंदिर परिसर में बने नव देव मंदिरों में विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा के उपलक्ष्य में आठ मई से 21 मई तक दो चरणों में अलग-अलग कथाएं आयोजित होंगी। आठ मई से शिव महापुराण तो 15 मई से श्रीमद्भागवत कथा होगी। 21 मई, को कथा एवं अन्य धार्मिक अनुष्ठान की पूर्णता के साथ मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ सभी देव विग्रहों क की प्राण प्रतिष्ठा करेंगे।
मंदिर के मुख्य पुजारी ने बताया
मंदिर के मुख्य पुजारी कमलनाथ महराज ने बताया कि गोरक्षपीठ में नव हीं देव विग्रहों वाला नवीन मंदिर बनकर तैयार हो चुका है। प्राण प्रतिष्ठा के संदर्भ में धार्मिक अनुष्ठानों का शुभारंभ आठ मई से गोरखनाथ मंदिर परिसर में बने नव देव-मंदिरों में विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा यहीं पर 21 मई को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे।
दो सप्ताह तक चलेगा लक्ष्मीनारायण महायज्ञ, शिव महापुराण
दो सप्ताह के दौरान लक्ष्मीनारायण महायज्ञ, शिव महापुराण कथा व श्रीमद्भागवत कथा ज्ञानयज्ञ का आयोजन होगा। कथा रस के अभिसिंचन के लिए सुपरिचित कथावाचक बालकदास महाराज और डॉ. श्याम सुंदर पराशर मंदिर परिसर में आएंगे।
पहले चरण में शिव महापुराण की कथा वाचन 8 से 14 मई तक बालकदास जी करेंगे। जबकि दूसरे चरण में 15 से 21 मई तक डॉ. श्याम सुंदर पराशर श्रीमद्भागवत कथा सुनाएंगे।
दिग्विजयनाथ स्मृति सभागार में होंगी कथा
शिव महापुराण की 8 से 21 मई तक होगी शिव पुराण और श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण दोपहर 3 बजे से 6 बजे तक किया जा सकेगा। अलग- अलग तिथियों में कथाएं गोरखनाथ मंदिर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति सभागार में होंगी।
उन्होंने बताया कि प्राण प्रतिष्ठा के आनुष्ठानिक कार्यक्रमों की शृंखला में 15 से 21 मई तक श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ का आयोजन गोरखनाथ मंदिर की यज्ञशाला में होगा। यज्ञाचार्य की भूमिका का निर्वहन मुख्य पुरोहित पंडित रामानुज त्रिपाठी वैदिक करेंगे।
Published on:
06 May 2023 12:44 pm
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