
गोरखपुर जिले के खोराबार थानाक्षेत्र से 23 मई को लापता हुईं दो नाबालिग लड़कियों को बिहार ले जाकर बेचा गया था। बिहार के पूर्णिया में उनका 1.50 लाख में सौदा हुआ और मोतिहारी के एक मकान में रखा गया था। उन्हें प्रॉस्टीट्यूशन में धकेलने की तैयारी थी, लेकिन मोबाइल के लोकेशन के आधार पर पहुंची पुलिस ने एक सप्ताह तक पूर्णिया में रुककर लड़कियों को बरामद कर लिया। इस मामले में दो अभियुक्तों को जेल भेज दिया गया है। दोनों पति-पत्नी हैं। दो अन्य लोगों की तलाश चल रही है।
जानकारी के मुताबिक शहर के खोराबार थाना क्षेत्र के दो परिवारों ने 24 मई को थाने में केस दर्ज कराया था जिसमें गांव के एक लड़के व उसके दोस्तों पर भगाने का आरोप लगाया गया था। पुलिस ने जब जांच शुरू की तो लड़कियों के गायब होने का मामला तो सही निकला लेकिन उन्हें भगाने का आरोप गलत था। पुलिस ने मोबाइल की लोकेशन के आधार पर ढूंढना शुरू किया और बिहार के पूर्णिया तक पहुंच गई। टीम ने स्थानीय पुलिस की मदद से लड़कियों को मोतिहारी के एक मकान से बरामद किया गया।
लड़कियों को डेढ़ लाख रुपये में बेचा गया था। उन्हें देह व्यापार में ढकेलने की तैयारी थी लेकिन पीछे पड़ी गोरखपुर पुलिस ने लड़कियों को बरामद करने के साथ ही दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया। इसमें एक महिला गीता व उसका पति महेश शामिल है। दोनों को जेल भेज दिया गया है।
गीता ने इंस्टाग्राम के जरिए लड़कियों से दोस्ती की थी। नौकरी का झांसा देकर उन्हें रेलवे स्टेशन बुलाया और वहां से बिहार लेकर चली गईं। बिहार में ले जाकर बेच दिया।एसपी सिटी अभिनव त्यागी के अनुसार चचेरी बहनों के गायब होने की सूचना पर पुलिस ने अपहरण का केस दर्ज किया था। जांच के दौरान बिहार में दोनों के होने की जानकारी मिली। पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार कर किशोरियों को बरामद कर लिया है। इन लोगों ने अपने बयान में खुद के साथ गलत होने की जानकारी दी है। पुलिस फरार बदमाशों की तलाश में लगी है, जल्द ही पूरे गिरोह का पर्दाफाश किया जाएगा।
Published on:
03 Jun 2025 12:10 am
बड़ी खबरें
View Allगोरखपुर
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
