
सबसे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंदिर परिसर में साधु संतों व श्रद्धालुओं के साथ होलिका दहन केबाद राख की पूजा अर्चना की। सम्मत की राख को उड़ाकर होली की शुरूआत की। फिर इस धूल को माथे पर लगाकर एक दूसरे को बधाई दी गई।

फिर मुख्यमंत्री ने परिसर में मौजूद लोगों संग होली खेली। मंदिर के चबूतरे पर सीएम योगी आदित्यनाथ बैठ गए। इसके बाद फगुआ शुरू हुआ। ढोल की थाप पर एक से एक फगुआ सबने सुनाया।

दोपहर से गोरखनाथ मंदिर में होली मिलने आने वालों का सिलसिला शुरू हुआ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अबीर-गुलाल लगाकर लोगों ने आशीर्वाद लिए।

जगह-जगह होली समारोहों में सीएम योगी आदित्यनाथ का जोरदार स्वागत किया गया। कर्इ जगह फूलों की भी होली खेली गर्इ।

होली पर मुख्यमंत्री विभिन्न समारोहों में शामिल हुए।

फिर हजारों की संख्या में मौजूद लोगों पर रंग-गुलाल उड़ाया। होली खेलते हुए शोभायात्रा केसाथ आगे बढ़ने की बजाय मुख्यमंत्री ने वहीं होली खेल शोभायात्रा को आगे रवाना कर खुद गोरखनाथ मंदिर के लिए रवाना हो गए।

होली में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आरएसएस के होली महोत्सव में शामिल हुए, सबको होली की शुभकामनाएं दी।

मुख्यमंत्री शहर घंटाघर से निकलने वाले भगवान नरसिंह की शोभा यात्रा में शामिल हुए। रथ पर सवार भगवान नरसिंह की महाआती मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की।