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मैं हूं कोरोना, मुझसे डरोना, घरों में सुरक्षित रहो ना

कहीं यमराज का रूप धर तो कहीं दीवार लेखन के जरिए किया जा रहा लोगों को जागरुकशहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र में कोरोना के प्रति लोगों को जागरुक करने उठाए जा रहे तरह-तरह के कदम

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मैं हूं कोरोना, मुझसे डरोना, घरों में सुरक्षित रहो ना

मैं हूं कोरोना, मुझसे डरोना, घरों में सुरक्षित रहो ना

गुना. कोरोना के प्रति जागरुकता ही कोरोना से बचाव है। इसी उद्देश्य को लेकर इस समय सरकार के सभी विभाग जनता को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए जागरुक करने में युद्ध स्तर पर लगे हुए हैं। खास बात यह है कि हर विभाग अपने क्षेत्र में अपने अनूठे व खास अंदाज में लोगों को कोरोना संक्रमण की पहचान से लेकर बचाव के तरीके बता रहा है। कोरोना से बचाव के यह नए अंदाज न सिर्फ आमजन में आकर्षण का केंद्र बन रहे हैं बल्कि उन्हें इन माध्यमों से कोरोना को समझने में मदद मिल रही है। महिला, पुरुषों से लेकर बच्चे भी अब कोरोना के प्रति काफी जागरुक हो रहे हैं। यही वजह है कि अब छोटे बच्चे भी मास्क व रुमाल लगाए नजर आ रहे हैं।
यहां बता दें कि सरकार के अलग-अलग विभाग आमतौर पर अपने विभाग से संबंधित काम करते नजर आते हैं। लेकिन कोरोना को वैश्विक महामारी घोषित होने के बाद सरकार के निर्देश पर सभी विभाग एक ही उद्देश्य को पूरा करने में दिन रात जुटे हुए हैं। यह उद्देश्य है अपने जिलेवासियों को कोरोना से सुरक्षित रखना। इस अभियान में पुलिस से लेकर नगर पालिका व स्वास्थ्य विभाग का अमला हर दिन जुटा हुआ है। आमजन को कोरोना के प्रति जागरुक करने के लिए सबसे पहला अनूठा कदम पुलिस विभाग की तरफ से उठाया गया। जिसके तहत एक व्यक्ति को यमराज की वेशभूषा पहनाकर शहर के मुख्य चौराहों से लेकर प्रमुख मार्गों में घुमाया गया। जिसके जरिए आम जनता मेें संदेश देने का प्रयास किया गया है कि कोरोना एक तरह से यमराज है। यदि किसी भी व्यक्ति ने सोशल डिस्टेंसिंग व लॉक डाउन के नियमों का उल्लंघन किया तो यमराज उसे ले जाएगा। इस अवसर पर यमराज के साथ मौजूद पुलिसकर्मी अपने हाथों में जो पट्किा लिए थे उस पर लिखा था कि जी हां सड़कों पर कोरोना यमराज के साथ घूम रहा है। साथ ही घर से ना निकलने की हिदायत भी दे रहा है। वहीं यमराज कह रहे हैं कि मैं कोरोना के साथ हूं यदि आप घर से निकलते हैं तो मैं आप को साथ ले जाऊंगा। वहीं कोरोना का कहना है कि वह किसी जात-पात ऊंच-नीच देखकर किसी को नहीं लगता सभी उसकी नजर में एक समान हैं जो घर के बाहर निकलेगा उसे कोरोनावायरस लग जाएगा और यमराज साथ ले जाएंगे। इसके अलावा एक पुलिसकर्मी ने अपनी छुपी ही प्रतिभा को उजागर करते हुए गाना गाकर लोगों को घर से न निकलने, सैनिटाइजर का बार-बार उपयोग करते रहने, सोशल डिस्टेंस बनाए रखने की अपील लोगों से की गई।
जागरुकता के इस अभियान में नगर पालिका भी पीछे नहीं है। नगरवासियों को कोरोना के प्रति जागरुक करने के लिए नपा प्रशासन ने अपनी कचरा गाडिय़ों का सहारा लिया है। नपा के मुताबिक नगर के सभी 37 वार्डों में डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन करने के लिए करीब 14 वाहन वार्ड की गलियों में जाते हैं। सामान्यत : इन कचरा कलेक्शन गाडिय़ों में लगे साउंड से कचरा वाला आया घर से कचरा निकाल, गाना बजता था, जिसके स्थान पर इन दिनों कोरोना से बचने के लिए दी जा रही हिदायत व दिशा निर्देशों को आमजन को सुनवाया जा रहा है। इस रिकार्डेट ऑडियो में कहा जा रहा है कि इस समय जिले में धारा 144 लागू है। साथ ही लॉक डाउन की स्थिति भी है। इसलिए कोई भी व्यक्ति बिना अति आवश्यक काम के अपने घर से बाहर न निकले। मुंह पर पूरे समय मास्क लगाए रखें। खांसते, छींकते समय रुमाल अवश्य लगाएं। किसी भी सार्वजनिक स्थान पर न थूकेें। बाइक पर भी एक से अधिक व्यक्ति को बैठने की अनुमति नहीं है आदि समझाइश दी जा रही हैं।
आमजन को जागरुक करने में स्वास्थ्य विभाग का अमला भी विशेष भूमिका निभा रहा है। जिला स्तर पर एक रेपिड रिस्पांस टीम एवं विकासखंड स्तर पर पांच आरआटी टीमें बनाई गई हैं। जो सैंपलिंग के अलावा स्वास्थ्य परीक्षण का कार्य कर रही हैं। टीम के सदस्य जहां भी जाते हैं वहां लोगों को कोरोना से बचने व उसके लक्षण के बारे में बता कर जागरुक कर रहे हैं। यही वजह है कि यदि किसी व्यक्ति को लक्षण नजर आते हैं तो वह तत्काल मेडिकल टीम को फोन कर रहा है। इसी तरह ग्रामीण क्षेत्र में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से लेकर आशा कार्यकर्ताएं घर-घर जाकर व दीवार लेखन के जरिए ग्रामीणों को कोरोना से बचने के उपाय बता रही हैं।
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पुलिस कह रही अफवाहों पर न दें ध्यान
ग्रामीण क्षेत्र में पुलिस अपने वाहन में माइक से ग्रामीण को कोरोना के प्रति जागरुक करते हुए अफवाहों से सावधान रहने की सलाह दे रही है। कहा जा रहा है कि बिना आधिकारिक पुष्टि के किसी भी प्रकार के डरावने, झूठे व भ्रामक वाट्सएप मैसेजों को फारवर्ड न करें। जिला प्रशासन सोशल मीडिया पर पैनी नजर बनाए हुए है। किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा बताया जा रहा है कि शारीरिक दूरी का पालन करें। सब्जी खरीदते वक्त, दुकानों में या अन्य स्थानों पर भीड़ न लगाएं और न ही भीड़ का हिस्सा बनें।