-एक अप्रैल से शुरू होगी खरीद
श्योपुर। एक अप्रैल से समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन शुरू होना है। खरीद शुरू होने से पहले खरीद केन्द्रों का भौतिक सत्यापन, परिवहन, तौलकांटे, बारदाना आदि की व्यवस्थाओं को अच्छी तरह से परख लें। सभी खरीद केन्द्रों की अप्रोच रोड का भी निरीक्षण किया जाए। यह निर्देश कलेक्टर शिवम वर्मा ने उपार्जन को लेकर हुई बैठक में दिए।
गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में गेहूं उपार्जन को लेकर बैठक हुई। बैठक में कलेक्टर के अलावा सीईओ जिला पंचायत अतेन्द्र सिंह गुर्जर, अपर कलेक्टर डॉ अनुज कुमार रोहतगी, उपसंचालक कृषि पी गुजरे, डीएम नॉन संजय सिंह, तहसीलदार एसआर वर्मा, मार्कफेड के अभिषेक जैन, खाद्य निरीक्षक सुनील शर्मा सहित सेंट्रल वेयरहाउस, स्टेट वेयरहाउस, कॉपरेटिव, कृषि उपज मंडी आदि अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों से कहा कि गेहूं के साथ सरसों और चने का भंडारण करने की भी व्यवस्था करें। शासन की गाइडलाइन के अनुसार खरीद के काम में स्वयं सहायता समूहों को भी जोड़ा जाए।
यह दी गई जानकारी
-खरीद के लिए 36 केन्द्र बनाए जाएंगे। गेहूं का समर्थन मूल्य 2125 रुपए प्रति क्विंटल तय हुआ है।
-गेहूं उपार्जन के लिए 15217 किसानों के पंजीयन हुए हैं।
-1.85 लाख मीट्रिक टन गेहूं की खरीद का लक्ष्य रखा गया है।
-29 मार्च से 12 केन्द्रों पर चना और सरसों की खरीद शुरू होगी।
-सरसो का समर्थन मूल्य 5440 रुपए और चने का समर्थन मूल्य 5335 रुपए प्रति क्विंटल तय किया गया है।
-चने की फसल विक्रय करने के लिए 1695 और सरसों के लिए 4694 किसानों ने पंजीयन कराया है।
-15 हजार मीट्रिक टन सरसों और 5 हजार मीट्रिक टन चने का उर्पाजन का लक्ष्य है।