शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के दोषी को दस साल कारावास
– एडीजे प्रथम हनुमानगढ़ ने एक जने को सुनाई सजा
– वर्ष 2020 का महिला थाने का प्रकरण
हनुमानगढ़. शादी का झांसा देकर महिला से दुष्कर्म के मामले में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश प्रथम रवि कुमार सुथार ने शुक्रवार को एक जने को दोषी करार दिया। न्यायालय ने दोषी को दस साल कठोर कारावास एवं दस हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना अदा नहीं करने पर दोषी को दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। राज्य की ओर से एपीपी रिछपालसिंह चहल ने पैरवी की।
प्रकरण के अनुसार पीडि़ता ने वर्ष 2020 में महिला थाने में शादी का झांसा देकर देह शोषण का मामला दर्ज कराया था। पीडि़ता ने पुलिस को रिपोर्ट दी कि बुधराम पुत्र किसनाराम निवासी गांव मक्कासर ने शादी का झांसा देकर उसका देह शोषण किया। बाद में उसको पता लगा कि बुधराम पहले से शादीशुदा है। जब आरोपी से इस संबंध में बात की तो उसने शादीशुदा होना स्वीकारा तथा पीडि़ता से विवाह करने से इनकार कर दिया। पुलिस ने आरोपों के आधार पर मामला दर्ज कर जांच की और चालान पेश किया। विचारण के दौरान अभियोजन पक्ष ने आठ गवाह परीक्षित करवाए तथा नौ दस्तावेज प्रदर्शित करवाए। सुनवाई के बाद न्यायालय ने बुधराम को आईपीसी की धारा 450 में पांच वर्ष कारावास एवं पांच हजार रुपए जुर्माने तथा धारा 376 (दो) (एन) में दस साल कारावास एवं दस हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई।
पैर फिसल कर डिग्गी में गिरा किसान, मौत
हनुमानगढ़. खेत में कार्य के दौरान पैर फिसलने से किसान डिग्गी में गिर गया और डूबने से उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम करवा शव परिजनों को सौंप मर्ग दर्ज की है। पुलिस के अनुसार जगतपाल (40) पुत्र आत्माराम छिम्पा निवासी वार्ड 2, फतेहगढ़ खिलेरीबास ने बताया कि 24 अप्रेल की रात्रि को उसका भाई पवन कुमार (32) चक 22 एचएमएच फतेहगढ़ खिलेरीबास स्थित काश्तशुदा खेत में पानी लगाने गया था। पानी लगाते समय अचानक पैर फिसलने से पवन डिग्गी में गिर गया। पानी में डूबने से उसकी मौत हो गई। टाउन पुलिस ने मृतक के बड़े भाई की रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज की। इसकी जांच थाना प्रभारी दिनेश सारण कर रहे हैं।