रोजाना योग करना स्वास्थ के लिए बहुत ज्यादा लाभदायक माना जाता है । नियमित रूप से योगासनों का अभ्यास शरीर को फिट और निरोगी बनाए रखने के बहुत उपयोगी माना जाता है। तमाम ऐसे योगासन हैं जिनका अभ्यास प्राचीन काल में ऋषि मुनियों द्वारा किया जाता था लेकिन धीरे-धीरे इन योगासनों के प्रति लोगों की दिलचस्पी खत्म होती गयी। आज के समय में जब दुनियाभर में योग का डंका बज रहा है तो ऐसे में तमाम योग एक्सपर्ट ऐसे कुछ प्राचीन योगासनों का अभ्यास कर उनके फायदों के बारे में बताते रहते हैं।
नई दिल्ली : आज के समय में जब दुनियाभर में योग का डंका बज रहा है तो ऐसे में तमाम योग एक्सपर्ट ऐसे कुछ प्राचीन योगासनों का अभ्यास कर उनके फायदों के बारे में बताते रहते हैं। इन्हीं आसनों में से एक है विपरीत दंडासन । विपरीत दंडासन का अभ्यास शरीर को स्वस्थ बनाए रखने के साथ मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी बहुत फायदेमंद माना जाता है। विपरीत दंडासन का अभ्यास शरीर को लचीला बनाने और एंग्जायटी कम करने के लिए बहुत लाभदायक माना जाता है । आइये विस्तार से जानते हैं विपरीत दंडासन के फायदे
क्या है विपरीत दंडासन योग
विपरीत दंडासन योग का अभ्यास एक्सपर्ट लेवल पर किया जाता है और इसे कठिन योगासन माना जाता है। इस आसन का नाम संस्कृत भाषा के शब्द से बनाया गया है। अंग्रेजी में विपरीत दंडासन को इनवर्टेड स्टाफ पोज कहा जाता है। कठिन योगासन होने की वजह से विपरीत दंडासन का अभ्यास 30 से 40 सेकंड तक के लिए ही किया जाता है। दंडासन का अभ्यास जमीन पर बैठ कर किया जाता है और विपरीत दंडासन का अभ्यास करते समय आपका शरीर ऊपर की तरफ उठा हुआ होता है। शरीर को बेहतर आकार देने के लिए स्ट्रेच करने के लिए और मानसिक समस्याओं जैसे तनाव और एंग्जायटी को कम करने के लिए इसका अभ्यास बहुत फायदेमंद माना जाता है।
विपरीत दंडासन का अभ्यास करने के फायदे
विपरीत दंडासन या इनवर्टेड स्टाफ पोज का अभ्यास करने से शरीर को लचीला बनाने और मानसिक समस्याओं को दूर करने के लिए बहुत उपयोगी माना जाता है। शरीर के अंगों को स्टिम्युलेट करने और शरीर को लचीला बनाने के लिए विपरीत दंडासन का अभ्यास बहुत फायदेमंद होता है।
1. विपरीत दंडासन का रोजाना अभ्यास करने से आपके शरीर को मजबूती मिलती है। इसके अलावा शरीर को लचीला बनाने के लिए विपरीत दंडासन का अभ्यास बहुत फायदेमंद माना जाता है। इसका अभ्यास करने से रीढ़ की हड्डी, हैमस्ट्रिंग कंधे, गर्दन और पेट की मांसपेशियों को फायदा मिलता है। मांसपेशियों में खिंचाव की वजह से शरीर को अधिक मजबूत और लचीला बनाने में इसका अभ्यास उपयोगी होता है।
2. एंग्जायटी को कम करने और दिमाग को शांत करने के लिए विपरीत दंडासन का अभ्यास बहुत फायदेमंद माना जाता है। मानसिक समस्याएं जैसे तनाव चिंता और घबराहट आदि को दूर करने के लिए भी नियमित रूप से विपरीत दंडासन या इनवर्टेड स्टाफ पोज का अभ्यास फायदेमंद माना जाता है।
3. पाचन तंत्र के लिए विपरीत दंडासन का अभ्यास बहुत उपयोगी माना जाता है। इसका अभ्यास करते समय आपके पेट पर दबाव पड़ता है जिसकी वजह से आपकी पाचन प्रक्रिया को मजबूती मिलती है। रोजाना विपरीत दंडासन का अभ्यास करने वाले लोगों में पेट या पाचन से जुड़ी समस्याओं का खतरा नहीं रहता है।
4. विपरीत दंडासन का अभ्यास साइटिका की समस्या में भी बहुत उपयोगी माना जाता है। इसके नियमित अभ्यास से साइटिका नर्व्स से जुड़ी समस्याओं में फायदा मिलता है। इसका अभ्यास करने से शरीर में रक्त का प्रवाह भी बढ़ता है जो साइटिका की समस्या में फायदेमंद होता है।
5. शरीर के संतुलन को ठीक बनाए रखने के लिए विपरीत दंडासन या इनवर्टेड स्टाफ पोज का अभ्यास बहुत फायदेमंद माना जाता है।
6. जो लोग नियमित रूप से रनिंग करते हैं या दौड़ते हैं उनके लिए इस आसन का अभ्यास बहुत फायदेमंद माना जाता है। इसका अभ्यास आपकी हैमस्ट्रिंग को खोलने में मदद करता है।