
Siddhivinayak Temple
मुंबई। गोल्ड मॉनेटाइजेशन स्कीम को हिट बनाने के लिए इन दिनों मंदिरों की शरण में पहुंची भारत सरकार को कुछ राहत मिली है। देश के सबसे अमीर मंदिरों में से एक महाराष्ट्र के सिद्धिविनायक मंदिर ने गोल्ड मॉनेटाइजेशन स्कीम के लिए 40 किलो सोना देने का वादा किया है। हालांकि इस सोने पर मंदिर की सालाना 69 लाख रुपए की कमाई बतौर ब्याज होगी।
इस स्कीम के लिए सोना देने वाला यह देश का पहला मंदिर है। वहीं तिरुमाला और शिरडी भी इस कतार में शामिल हैं। गौरतलब है कि दिवाली पर लॉन्च की गई इस स्कीम में अब तक केवल 400 ग्राम सोना ही जमा हो सका है।
एक अनुमान के मुताबिक देश में 5200000 करोड़ की कीमत का लगभग 20000 टन सोना है। जल्द ही मंदिर ट्रस्ट सोने को गलाकर बिस्कुट में बदलने के लिए भेजेगा। गलन के बाद यह सोना लगभग 30 किलो हो जाएगा, जिसकी कीमत 25000 रुपए प्रति 10 ग्राम के हिसाब से 7.5 करोड़ होगी। इस सोने पर मंदिर को 2 से 2.5 प्रतिशत की दर से प्रतिवर्ष लगभग 69 लाख रुपए का ब्याज मिलेगा।
फिलहाल सिद्धिविनायक मंदिर के पास लगभग 165 किलो सोना है। इसमें से मंदिर ने 1 प्रतिशत ब्याज की दर से 10 किलो सोना, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में जमा कर रखा है। मंदिर ट्रस्ट के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर संजीव पाटिल ने कहा, 'सरकारी मिंट में 40 किलो सोना गलाने पर प्रदेश सरकार तथा ट्रस्ट के सदस्यों की सहमति मिल गई है।Ó
Published on:
09 Dec 2015 11:44 am
बड़ी खबरें
View Allउद्योग जगत
कारोबार
ट्रेंडिंग
