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नाबालिग से दरिंदगी पर 20 वर्ष का कारावास

जबलपुर जिला अदालत का फैसला

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Court of District Sessions Judge verdict….life imprisonment of murderar

जबलपुर। जिला अदालत के विशेष न्यायाधीश ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में आरोपी जबलपुर निवासी शिवांश पटेल का दोष सिद्ध पाया। उसे 20 वर्ष के कारावास की सजा सुना दी। साथ ही एक हजार रुपए का जुर्माना लगाया। पीड़िता को 50 हजार रुपए प्रतिकर राशि भुगतान करने के निर्देश दिए हैं।

अभियोजन की ओर से अतिरिक्त जिला लोक अभियोजन अधिकारी स्मृतिलता बरकड़े ने पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि पीड़िता के पिता ने बरगी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी बेटी 19 जून, 2019 की रात घर से गायब हो गई। आसपास व रिश्तेदारों में पता किया, लेकिन वह नहीं मिली। जानकारी मिली कि उसे कोई भगा ले गया है। शिकायत पर पुलिस ने गुम इंसान कायम कर मामले को जांच में लिया। 28 जून, 2019 को कटनी के पास आरोपी शिवांश उर्फ बिट्टू के साथ नाबालिग को देखा गयाा। उसने बताया कि आरोपी शिवांश उसे किराए के मकान में पत्नी बतौर रखे हुए था। इस दौरान उससे बलात्कार किया। पुलिस ने प्रकरण कायम कर न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया।

शिक्षक के अभ्यावेदन पर विचार करने के निर्देश
नाबालिग से दरिंदगी पर 20 वर्ष का कारावास
जबलपुर जिला अदालत का फैसला. मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के न्यायाधीश एमएस भट्ठी की एकलपीठ ने याचिकाकर्ता शिक्षक के अभ्यावेदन पर लोक शिक्षण संचालनालय को 15 दिवस के भीतर विचार कर उचित आदेश पारित करने के निर्देश दिए हैं। याचिकाकर्ता छिंदवाड़ा निवासी सुभाष कालंबे की ओर से बताया गया कि वे गणित के शिक्षक हैं। विभाग ने 19 जुलाई 2023 को उन्हें बायोलॉजी शिक्षक के पद पर पदस्थ करने का आदेश जारी कर दिया है। याचिकाकर्ता ने इस संबंध में डीपीआई में अभ्यावेदन प्रस्तुत किया। कोई कार्रवाई नहीं हुई तो हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई।