सिंगौरगढ़ के किले से राजस्व व गोपनीय सैन्य वस्तुएं, संदेश लाने ले जाने के लिए यह गुप्त सुरंग प्रयुक्त होती थी। सिंगौरगढ़ से गढ़ा कटंगा स्थित टकसाल होकर यह सुरंग मदनमहल किले तक आती थी। गुड़, चूना, बेल, मैथी व शीरा के मिश्रण से सिंगौरगढ़ के किले सहित तमाम गोंडवाना के किलों का निर्माण हुआ था। इसलिए ये बहुत टिकाऊ और मजबूत हैं। सिंगौरगढ़ की तीसरी लड़ाई के दौरान सुरंग के जरिए ही रानी दुर्गावती किले से निकलकर गढ़ा आई थीं।
- डॉ. आनंद राणा, इतिहासविद, जानकीरमण कॉलेज जबलपुर