चंदन के पेड़ काटे जाने का मामला, वन विभाग ने एक आरोपी को पकड़ा, चंदन की लकडि़यां भी की बरामद
जबलपुर. राज्य वन अनुसंधान परिसर में कुछ दिन पहले चंदन के वृक्ष काटे जाने की घटना से हड़कंप मचा था। जांच के बाद चोर को पकड़ना भी बेहद मुश्किल हो रहा था। ऐसे में डॉग स्क्वाड की मदद ली गई। डॉग सक्वाड की मदद से आखिरकार वन विभाग की टीम चंदन चोर तक पहुंची। डॉग चंदन की सुगंध को सूंघकर चोर तक जा पहुंचा वन विभाग की टीम आरोपी को धर दबोचा। चोर को पकड़ने के साथ ही चंदन की लकडि़यां भी बरामद की गई। वन विभाग की टीम मामले की जांच में जुटी है। 10 जुलाई को अनुसंधान परिसर में लगे चंदन के तीन पेड़ अज्ञात व्यक्ति द्वारा काट लिए गए थे। चंदन चोर को पकड़ने के लिए वन विभाग द्वारा दल गठित किया गया था। दल में अनुसंधान परिक्षेत्र अधिकारी वदंना ठाकुर, वनपाल साजिद अली, धर्मेन्द्र सिंह गौड़, शोभाकांत मिश्रा, वनरक्षक, नीतेश सोनी, सुशील ठाकुर को लगाया गया था। इसके साथ ही डॉग स्क्वॉड जबलपुर की भी इस कार्य में मदद ली गई थी। टीम की मदद से काटे गये चंदन वृक्षों की लकड़ी जब्त कर ली गई है तथा एक संदिग्ध को पकड़ा गया है जिससे पूछताछ की जा रही है।
टुकडों में कर रखी थी लकडि़यां
बताया जाता है आरोपी को ग्वारीघाट पुराना थाना के पास से पकड़ा गया। आरोपी ने रात में चोरी की घटना को अंजाम दिया था। चोरी करने के बाद लकडि़यों को काटकर उसने घर के पीछे की और छुपाकर रख ली थी। संभवत: वह बाद में इसे बेचने के फिराक में था। बहरहाल आरोपी से अभी पूछताछ की जा रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि कहीं इस मामले में संस्थान के ही के ही किसी कर्मचारी की संलिप्तता तो नहीं है। क्योंकि जो पेड़ अनुसंधान के लिए लगाए गए हैं उसकी जानकारी केवल कुछ कर्मचारियों को ही है। -चंदन के पेड़ काटने वाले आरोपी को पकड़ लिया गया है। चंदन की लकडि़यां भी उसके पास से बरामद की गई। मामले की अभी विभिन्न बिंदुओं पर जांच की जा रही है।
-रविंद्रमणि त्रिपाठी, डिप्टीडॉयरेक्टर एसएफआरआई