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बंदर के हमले से स्कूल के सारे बच्चे 1.30 घंटे कमरो में रहे कैद ..

एक बच्चे को किया लहूलुहान, आंगनबाड़ी के बच्चे को भेजा अस्पताल, शासकीय पचपेढ़ी स्कूल का मामला  

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जबलपुर
एक लाल मुंह के पागल बंदर के आतंक से एक स्कूल के सारे बच्चे सहम गए। एक बच्चे पर हमला कर घायल करने के बाद बच्चे चीखने-चिल्लाने लगे। बंदर की दहशत इतनी ज्यादा थी कि स्कूल के सारे बच्चों को बचाने के लिए करीब 1.30 घंटे तक कमरों के खिड़की दरवाजे लगाकर अंदर बंद करना पड़ा। क्योंकि बंदर बार-बार कमरों की खिड़की-दरवाजे के पास पहुंचकर उसे जोर जोर से हिलाने और अंदर घुसने की कोशिश कर रहा था। शिक्षकाएं बुरी तरह डर गई थी। यह मामला है शासकीय एकीकृत हाईस्कूल पचपेढ़ी का।
बताया जाता है स्कूल परिसर में माध्यमिक कक्षाओं का परिसर है जिसमें करीब 70 बच्चों के साथ ही आंगन बाड़ी केंद्र भी संचालित किया जाता है। बताया जाता है दोपहर के वक्त जब आंगनबाड़ी के बच्चे खेल रहे थे तभी एक लाल मुंह का बंदर परिसर के अंदर आ गया। चार साल के बच्चे पर हमला कर उसके हाथ और चेहरे में काट दिया।
बचाने में कार्यकर्ता हुई घायल
बच्चे को बचाने के लिए आंगनबाडी की कार्यकर्ता दौड़ी जिसपर बंदर ने हमला कर दिया। उसके हाथ में भी निशान बन गए। बंदर से बच्चे को छीना। लहुलुहान हुए बच्चे को देख अन्य बच्चे भी जोर जोर से रोने चिलने लगे। स्कूल सहित आंगनबाड़ी के बच्चो को शिक्षिकाओं ने तुंरत कमरे के अंदर किया और खिड़की दरवाजे अंदर से बंद कर दिए। शिक्षकों ने छोटे बच्चों को शांत कराया।
फोन पर दी घटना की सूचना
घटना की सूचना संबंधित अधिकारियों को दी गई। प्राचार्य एम शर्मा , संदीपा स्थापक़ ने वन विभाग को सूचित किया गया वहीं नगर निगम को भी खबर की गई। वन विभाग से कर्मी पहुंचे उन्होंने बंदर पकडऩे के लिए नगर निगम को बुलाने के लिए कहा। निगम से कर्मी भी आए लेकिन बंदर इस बीच लापता हो गया। बताया जाता है स्कूल से लगी कालोनी की और बंदर चला गया।

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