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negligence: गुलौआ फाटक पर जलापूर्ति लाइन में लीकेज, नाले में समा रहा ‘अमृत’

गुलौआ फाटक के पास स्थित ओमती नाले के पुल पर इसकी बानगी देखी जा सकती है। यहां से गुजरने वाली पेयजल आपूर्ति की 24 इंच पाइप लाइन में लबे अरसे से लीकेज है। इससे रोजाना लाखों लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है।

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negligence: शहर के कई इलाके पीने के पानी के संकट से जूझ रहे हैं। उधर, पाइप लाइन में लीकेजे होने से कई जगहों पर हर दिन लाखों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। गुलौआ फाटक के पास स्थित ओमती नाले के पुल पर इसकी बानगी देखी जा सकती है। यहां से गुजरने वाली पेयजल आपूर्ति की 24 इंच पाइप लाइन में लबे अरसे से लीकेज है। इससे रोजाना लाखों लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है। पुल के किनारों से यह पानी ओमती नाले में समा रहा है। वहीं इस लीकेज के कारण आसपास के इलाकों के नलों में पानी का प्रेशर नहीं आ रहा है। कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन स्थायी सुधार नहीं किया गया है।

negligence: लापरवाही की इंतेहा, शिकायत पर नहीं हो रही सुनवाई

negligence: अरसे से बह रहा पानी

क्षेत्रीय नागरिकों ने बताया कि गुलौआ चौक टंकी से इस क्षेत्र में 24 इंच पाइप लाइन से पेयजल की सप्लाई होती है। करीब दस साल पहले पाइप लाइन में लीकेज हो गया था। इसे कई बार सुधारने का प्रयास किया गया। लेकिन कामचलाऊ सुधार कार्य के चलते कुछ दिनों में ही स्थिति जस की तस हो जाती है। लीकेज होेने से सुबह शाम सप्लाई के समय इस पाइप लाइन से लाखों लीटर पानी बेकार बह रहा है। दिन व रात में भी बैक वाटर इस पाइप लाइन से लीक हो रहा है।

negligence: निचले इलाकों में प्रेशर पर असर

इस पाइप लाइन के जरिये यादव कॉलोनी, अग्रवाल कॉलोनी, जय नगर, स्नेह नगर इलाकों में पेयजलापूर्ति की जाती है। सुबह व शाम को सप्लाई के समय लीकेज की वजह से इन इलाकों के नलों में प्रेशर बहुत कम हो जाता है। वहीं, टुल्लू पपों की वजह से इस लाइन से जुड़े बहुत से नलों में तो चालू करने पर काफी देर तक गर्म हवा ही निकलती है। यादव कॉलोनी निवासी कमल चौकसे बताते हैं कि कम प्रेशर के चलते बमुश्किल 5-10 मिनट ही पानी मिल पाता है।

negligence: पाइप पर बैठकर कपड़े धोते हैं लोग

पाइप लाइन में लीकेज इतना बड़ा है कि पाइप के समानांतर इससे फवारा सा निकलता है। स्थानीय सब्जी व्यापारी इस लीकेज में सब्जियां धोते हैं। वहीं, क्षेत्रीयजन पाइप पर बैठकर ही कपड़े धोते हैं। स्थानीय निवासी राजेश बड़कुल बताते हैं कि कई लोग यहां बाइक धोते भी नजर आ जाते हैं। इसके चलते लीकेज के जरिये पेजयल की लाइन में गन्दगी भी समा रही है।

negligence: गुलौआ फाटक के समीप पाइपलाइन को कई बार सुधारा गया। लेकिन यह फिर लीक हो जाता है। पाइप बदलने की योजना है।

  • कमलेश श्रीवास्तव, जल विभाग, नगर निगम