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अब मोबाइल एप से भी भर सकेंगे टैक्स

मप्र वाणिज्यिक कर विभाग ने व्यापारियों के लिए मोबाइल एप की सुविधा दी है, वहीं शिकायत को सीधे अधिकारियों तक पहुंचाने के लिए जनसुनवाई शुरू करने जा रहा है।

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Gwalior Online

Mar 28, 2015

Mobile App

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जबलपुर। मप्र वाणिज्यिक कर विभाग ने अब जनसामान्य के साथ व्यापारियों को राहत देने के उद्देश्य से दो नई सुविधाएं शुरू की हैं। इसमें जहां कर के दायरे में आने वाले व्यापारियों के लिए मोबाइल एप की सुविधा दी है, वहीं शिकायत को सीधे अधिकारियों तक पहुंचाने के लिए जनसुनवाई शुरू करने जा रहा है। मोबाइल एप ने प्रारंभिक तौर पर काम शुरू कर दिया है, जबकि जनसुनवाई नए वित्तीय वर्ष से हर महीने प्रत्येक मंगलवार को कार्यालय में होगी। जनसुनवाई के लिए वाणिज्यिक कर आयुक्त इंदौर ने आदेश जारी कर दिए हैं।

त्वरित निराकरण हो

वाणिज्यिक कर विभाग में सर्वसाधारण द्वारा दिए जाने वाले आवेदनों व शिकायतों का निराकरण समय सीमा में नहीं होने से लगातार शिकायतें बढ़ रही थीं। लोगों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए राघवेन्द्र सिंह आयुक्त वाणिज्यिक कर इंदौर ने 24 मार्च को जनसुनवाई के लिए आदेश जारी किया। आदेश प्रदेश के समस्त वाणिज्यिक कर परिक्षेत्रीय अपर आयुक्त, संभागीय उपायुक्त, वृत्त प्रभारी सहायक आयुक्त व सीटीओ को दिए गए हैं। इसमें आयुक्त ने कहा है कि प्रत्येक मंगलवार को जनसुनवाई आयोजित हो, जिसमें प्राप्त आवेदनों व शिकायतों का त्वरित निराकरण किया जाना चाहिए। मंगलवार को अवकाश की स्थिति में आगामी कार्य दिवस पर जनसुनवाई आयोजित करने के भी निर्देश दिए हैं।

भरें फॉर्म 49, 60

एमपीवैट पब्लिक के नाम से वाणिज्यिक कर विभाग का एप बनाया गया है। जिसे किसी भी एंड्रॉएड मोबाइल पर डाउनलोड किया जा सकता है। एप में फॉर्म 49, फॉर्म 60 भरने की सुविधा के साथ-साथ टै्रक डीलर, ट्रैक एप्लीकेशन स्टेटस, फॉर्म की जानकारी और रिटर्न स्टेटस तत्काल देखा जा सकेगा। ऑनलाइन फॉर्म भरने के दौरान कई सुविधाएं मौजूद नहीं थीं।

सभी को लाभ मिलेगा

वाणिज्यिक कर विभाग में दो नई सुविधाएं व्यापारियों व जनसाधारण के लिए शुरू हुई हैं। इसमें कर भरने के लिए मोबाइल एप तथा समस्याओं व आवेदनों के निराकरण करने के लिए जनसुनवाई शामिल है। अगले महीने से जनसुनवाई शुरू हो जाएगी।
नारायण मिश्र, संभागीय उपायुक्त, वाणिज्यिक कर विभाग