झमाझम बारिश से पूरा शहर तरबतर हो गया। लेकिन पानी खुलने के बाद उमस ने टेंशन बढ़ा दी है।
Rain alert : कई दिनों से बादलों ने जबलपुर कर रुख कर रखा था, वे आते और चले जाते थे, लेकिन शनिवार को बादलों ने राहत की बूंदें बरसाईं तो गर्मी से बेहाल शहरवासियों ने सुकून महसूस किया। झमाझम बारिश से पूरा शहर तरबतर हो गया। लेकिन पानी खुलने के बाद उमस ने टेंशन बढ़ा दी है। हालांकि हवाओं में नमी के चलते कुछ राहत भी महसूस हो रही है।
शहर सहित सम्भाग के जिलों में आंधी-बारिश का दौर जारी है। शुक्रवार को भी जबलपुर में 30 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से आंधी चली। कुछ जगह बूंदाबांदी हुई। इसके चलते गर्मी से कुछ हद तक राहत मिली। मौसम विभाग की मानें, तो 4-5 दिनों तक जबलपुर सम्भाग में मौसम ऐसा ही रहेगा। शनिवार को भी सम्भाग के जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। दक्षिण-पश्चिम मानसून के 24-25 मई तक केरल पहुंचने की सम्भावना है। कयास लगाए जा रहे हैं कि जबलपुर सहित पूर्वी मध्य प्रदेश में मानसून 15 जून की निर्धारित तारीख से पहले ही दस्तक दे सकता है। शुक्रवार को दिन भर बादलों की मौजूदगी रही। तेज हवा चलने से दिन का अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री दर्ज किया गया।
मौसम विभाग के अनुसार, वर्तमान में पंजाब और उससे सटे क्षेत्रों में हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात और दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश और उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश पर चक्रवात की स्थिति है। इन दोनों चक्रवातों को जोड़ती हुई द्रोणिका रेखा बनी है, जो दक्षिणी हरियाणा, उत्तर प्रदेश होते हुए मध्य प्रदेश तक फैली है। अरब सागर में बने कम दबाव का क्षेत्र शनिवार तक अवदाब में परिवर्तित होकर उत्तरी दिशा में आगे बढ़ेगा। बंगाल की खाड़ी में 27 मई को एक नया कम दबाव का क्षेत्र बनने से प्री मानसून की गतिविधियों में तेजी आएगी।