19 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सरकारी अस्पतालों में 1.2 करोड़ का गबन: 10 संस्थानों में गड़बड़ी, 13 कार्मिकों पर गिरी गाज

जयपुर. प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में वित्तीय अनियमितता और गबन का बड़ा मामला विधानसभा में उजागर हुआ है। विधायक संदीप शर्मा के तारांकित प्रश्न के जवाब में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने स्वीकार किया कि 10 चिकित्सा संस्थानों में 1.2 करोड़ रुपए से अधिक की राशि लंबित है। जांच में सामने आया कि इन संस्थानों […]

less than 1 minute read
Google source verification

जयपुर

image

Vikas Jain

Feb 19, 2026

SMS Hospital Jaipur

सर्जरी के दौरान मशीन में शॉर्ट सर्किट से बच्चा झुलसा (फोटो- पत्रिका)

जयपुर. प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में वित्तीय अनियमितता और गबन का बड़ा मामला विधानसभा में उजागर हुआ है। विधायक संदीप शर्मा के तारांकित प्रश्न के जवाब में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने स्वीकार किया कि 10 चिकित्सा संस्थानों में 1.2 करोड़ रुपए से अधिक की राशि लंबित है।

जांच में सामने आया कि इन संस्थानों में मरीजों से वसूली योग्य राशि का समुचित लेखा-जोखा नहीं रखा गया। बिलिंग और वसूली प्रक्रिया में गंभीर चूक के कारण यह राशि सरकारी खजाने में जमा नहीं हो सकी। विभाग ने प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर 13 कार्मिकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। सरकार ने माना कि निर्धारित प्रक्रिया का पालन न होने से राजस्व का नुकसान हुआ है।

इन अस्पतालों में सामने आया मामला

एसएमएस अस्पताल, जयपुर : 3,54,154

सैटेलाइट अस्पताल, जयपुर : 46,880

महिला अस्पताल, जयपुर : 32,532

एसआरजी अस्पताल, झालावाड़ : 1,67,846

जिला अस्पताल, धौलपुर : 1,12,500

जिला अस्पताल, दौसा : 46,010

जिला अस्पताल, सवाई माधोपुर : 81,454

एमजी मेडिकल कॉलेज संबद्ध अस्पताल, जोधपुर : 9,42,447

जनाना अस्पताल व एमडीएम संबद्ध अस्पताल, जोधपुर : 66,179

राजकीय अस्पताल, बांसवाड़ा : 90,450

कुल बकाया राशि : 1,00,20,986