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भीड़ देख बड़ी बहन रुकी तो सडक़ पर कुचले पड़े थे छोटी बहन व दोस्त, देखा तो पैरों तले जमीन खिसक गई

Road Accident in Jaipur : एक दोस्त गंभीर घायल, मंदिर में भीड़ देख बिना दर्शन किए लौट रहे थे तीनों...

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जयपुर

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Dinesh Saini

Jun 15, 2019

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जयपुर।


खाटूश्यामजी ( Khatushyam Temple ) से बाइक पर जयपुर ( Jaipur road accident ) लौट रही एक किशोरी और दो दोस्तों को खिरणी फाटक के नजदीक एक्सप्रेस हाइवे पर पीछे से आ रहे ट्रक ने कुचल ( Road Accidet ) दिया। दुर्घटना में किशोरी और एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीसरा गंभीर घायल हो गया। मृतक किशोरी की बड़ी बहन भी खाटूश्यामजी से उनके पीछे लौट रही थी। भीड़ में सडक़ पर बहन को पड़ा देख चिल्लाई, तब मृतक और घायल की पहचान हुई। सूचना पर पहुंची एम्बुलेंस से तीनों को एसएमएस अस्पताल पहुंचाया, जहां पर तीसरे युवक की हालत गंभीर है। हादसे का शिकार दीपक सिंधी (21) मानसरोवर के हीरापथ निवासी चेलाराम सिंधी का सबसे छोटा बेटा था। मृतक पायल (14) वरूण पथ निवासी किशन पावनानी की बेटी थी। जबकि हादसे में घायल सुमित यादव (18) वरूण पथ निवासी नवरत्न यादव का पुत्र है। परिजनों ने बताया कि तीनों के साथ पायल की बड़ी बहन मनीषा, पड़ोस में रहने वाली वर्षा और इन्द्र अन्य बाइक से खाटूश्यामजी ( Khatushyam ) गए थे।

200 लोगों की भीड़, लहूलुहान पड़ी थी बहन ( Truck Bike accident )
मनीषा ने बताया कि गुरुवार देर रात 12 बजे खाटूश्यामजी के लिए दो बाइक से छह लोग निकले थे। देर रात करीब साढ़े तीन बजे खाटूश्यामजी पहुंचे, लेकिन वहां पर बहुत भीड़ थी और बहुत लंबी दर्शनार्थियों की लाइन थी। चार पांच घंटे में नंबर आने पर लेट हो जाने की बजह से बिना दर्शन करे ही शुक्रवार तडक़े चार बजे जयपुर के लिए वापस लौट गए थे। पायल, दीपक और सुमित एक बाइक पर आगे चल रहे थे। उनसे करीब चार पांच किलोमीटर मनीषा दूसरी बाइक पर थी।

देखा तो पैरों तले जमीन खिसक गई
मनीषा ने कहा कि सुबह करीब साढ़े छह बजे खिरणी फाटक पुलिया के पास जाम लग था। करीब 200 लोग घायलों को देख रहे थे। भीड़ देख मनीषा और साथी वहां पहुंचे। देखा तो पैरों तले जमीन खिसक गई। लहूलुहान पायल, सुमित और दीपक पड़े थे। मनीषा एम्बुलेंस बुलाने के लिए चिल्लाई, तब किसी ने फोन किया और 15-20 मिनट बाद एम्बुलेंस वहां पहुंची। तब तीनों को अस्पताल पहुंचाया गया। दीपक का सिर कुचला था व पायल का हाथ-पैर कुचल गए। जबकि सुमित का हाथ कुचल गया और सिर में भी चोट लगी।

सुमित यादव, एक्सीडेंट में गंभीर घायल

सबसे छोटा था लेकिन सबसे अच्छा
चेलाराम ने बताया कि पांच बच्चों में दीपक सबसे छोटा था, लेकिन सबसे अच्छा था मेरा दीपक, पड़ोसी हो या रिश्तेदार, सबकी मदद के लिए तैयार रहता था। दीपक 7वीं कक्षा की पढ़ाई करने के बाद भजन गायक कलाकारों के साथ काम करने लगा था। वह राधा-कृष्ण बनकर कार्यक्रमों में प्रस्तुति देता था। चेलाराम ने बताया कि उनके समाज में बेटा पिता की अंत्येष्टि में जाता है। बेटा चला जाए तो पिता बेटे की अंत्येष्टि में नहीं जाता है। रोते हुए चेलाराम ने बताया कि बेटे को अंतिम विदाई के लिए ले गए हैं। वे घर पर ही उसकी यादों को संजो रहे हैं। घर उसके साथ पायल की बहन मनीषा भी काम करती थी। उधर, सुमित के परिजनों ने बताया कि सुमित ने इस बार 12वीं कक्षा पास की है और साथ में बाइक रिपेयरिंग का काम करता है।

मृतक दीपक

चेलाराम मृतक दीपक के पिता