मामला अलवर जिले के भिवाड़ी इलाके का है।
जयपुर
Rajasthan राजस्थान के अलवर शहर में रहने वाले इस शख्स का नाम खलील है और खलील पिछले कई दिनों से इसी तरह से कार चला रहे हैं। कार में घुसने और चालक सीट पर बैठने से पहले खलील अपना हैलमेट पहनता है और उसके बाद सीट बेल्ट लगाता है। फिर अपने काम पर निकलता है। पिछले कई दिनों से पुलिस के खिलाफ यही उसका प्रोटेस्ट है । जब भी कोई इस तरह से कार चलाने का कारण पूछता है तो खलील उसके साथ हुए घटनाक्रम के बारे में जानकारी देता है। मामला अलवर जिले के भिवाड़ी इलाके का है।
दरअसल भिवाड़ी इलाके में रहने वाले खलील का कहना है कि वह पिछले हफ्ते शनिवार को अपनी कार से देर रात करीब दो बजे के बार घर लौट रहा था। तभी कैपिटल गैलरिया इलाके में पुलिस वालों ने उसे रोक लिया और पुलिस ने दो हजार रुपए मांगे। खलील ने रुपए देने से इंकार कर दिया तो खलील से गाड़ी के दस्तावेज मांगे गए। खलील ने गाड़ी के कागज दिखा दिए।
लेकिन उसके बाद भी खलील का एक हजार का चालान बना दिया गया और उसे रसीद थमा दी गई। खलील यह रसीद लेकर अपने घर चला गया । सवेरे जब नहा धोकर काम पर जाने के लिए शर्ट पहना तो शर्ट की जेब में रखी रसीद निकाली। तो पता चला कि पुलिसवालों ने कार सवार का हैलमेट का चालान ठोक दिया। एक हजार रुपए के इस चालान के बारे में अलवर जिले के उच्च अधिकारियों को भी सूचना दी गई है।
साथ ही खलील ने सिविल कोर्ट में वाद दायर करने की तैयारी कर ली है। खलील का कहना है कि अब जब भी कार में हैलमेट पहनकर निकलते हैं तो लोग इस बारे में पूछताछ करते हैं। उनको पूरी स्टोरी बताता हूं। पुलिसवाले भी पूछते हैं तो उनको भी यह कहता हूं कि पुलिसवालों ने ही चालान काटा है। पुलिस का यह चालान सभी को दिखाता हूं। खलील का आरोप है कि दो हजार रुपए शराब के लिए मांगे गए थे और नहीं देने पर जब कुछ नहीं मिला पुलिसवालों को तो एक हजार का हैलमेट का चालान काट दिया।