बाल अधिकारिता और शिक्षा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में स्कूलों में बाल अधिकार क्लब गठित किए जाएंगे। पहले चरण में शहर के 15 निजी और 15 सरकारी (प्रारंभिक और माध्यमिक) क्लब गठित होंगे।
इस क्लब में प्रधानाध्यापक के अलावा सक्रिय शिक्षक और 25 सक्रिय बच्चे सम्मिलित होंगे। क्लब की बैठक प्रत्येक शनिवार को अंतिम दो कालांश में होगी। माध्यमिक शिक्षा अधीनस्थ विद्यालयों में 14 से 18 उम्र और प्रारंभिक शिक्षा में 5 से 14 वर्ष की आयु के विद्यार्थी भागीदार होंगे।
बैठक में बच्चे अपने अथवा साथी के साथ हो रहे शोषण, बाल विवाह, बाल तस्करी जैसी शिकायतें रखेंगे। बाल अधिकारिता विभाग की निदेशक व संयुक्त शासन सचिव हंसा सिंहदेव की ओर से जारी पत्र के अनुसार प्रत्येक ग्राम पंचायत में एक आदर्श स्कूल में यूनिसेफ शिक्षा विभाग के मार्फत कार्य कर रहा है।
ऐसे स्कूलों में आवश्यक रूप से क्लब का गठन होगा। डीईओ प्रारंभिक प्रथम प्रभुलाल पंवार ने बताया कि क्लब गठन का कार्य जारी है।