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video : श्रद्धा व उल्लास से मनाई गुरुनानक देव जयंती

सिक्ख समाज के प्रथम गुरु श्री गुरुनानक देव  की 547वीं जयंती  बुधवार को श्रद्धा व उल्लास से मनाई गई। इस मौके पर गुरुद्वारा जंक्शन साहिब में दीवान सजाया गया। हजारों लोगों ने गुरुग्रंथ साहिब  के सम्मुख मत्था टेका व गुरु की अमृत वाणी सुनी। गुरु का अटूट लंगर भी वरता गया। महापर्व पर खुले में दीवान सजाया गया।

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Shailendra Tiwari

Nov 25, 2015

सिक्ख समाज के प्रथम गुरु श्री गुरुनानक देव की 547वीं जयंती बुधवार को श्रद्धा व उल्लास से मनाई गई। इस मौके पर गुरुद्वारा जंक्शन साहिब में दीवान सजाया गया। हजारों लोगों ने गुरुग्रंथ साहिब के सम्मुख मत्था टेका व गुरु की अमृत वाणी सुनी। गुरु का अटूट लंगर भी वरता गया।
महापर्व पर खुले में दीवान सजाया गया। गुरुग्रंथ साहिब के समक्ष श्रद्धालुओं ने मत्था टेका। शबद कीर्तन की वाणी गंूजती रही और श्रद्धालु मंत्रमुग्ध होते रहे। सुबह 4 बजे सुबमनी साहिब के पाठ नितनेम हुआ। 6.30 बजे कीर्तन व 8.30 बजे अखण्ड पाठ की समाप्ति हुई।

इन्होंने किया संगत को निहाल

कार्यक्रम में गुरुनानक पब्लिक स्कूल बडग़ांव के छात्र-छात्राओं के समूह ने कलि तारण गुरु नानक आया..., एक शबद मेरे प्राण बसत हैं... सरीखे शबद-कीर्तन सुनाए। इसके बाद कोटा जंक्शन के हजूरी रागी भाई जसवीर सिंह ने हे गोविंद हे गोपाल हे दयाल लाल..., मोहन मोह लिया मन मेरा..., भाई जसकरण सिंह रागी जत्थे ने नहीं छोडू रे बाबा राम-नाम..., हरि बिन जीआे जल बल पाउ.... शबद कीर्तन प्रस्तुत सुनाया। गुरुग्रंथ साहिब के समक्ष पूर्व मंत्री शांति धारीवाल, प्रधान अमरजीत सिंह मखीजा, सचिव गुरुप्रीत सिंह, विधायक प्रहलाद गुंजल, महापौर महेश विजय, पूर्व उप महापौर राकेश सोरल समेत कई लोगों ने भी मत्था टेका।

हम सब एक प्रभु की संतान

कथा में प्रचारक ज्ञानी बलदेव सिंह (पाऊंटा साहिब वाले) ने गुरुनानक देव के बताए मार्ग पर चलने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि चाहे हमारे धर्म अलग-अलग हों, लेकिन हम सब एक प्रभु की संतान हैं। कर्म को ध्यान में रखकर प्रभु की भक्ति में लगे रहना चाहिए। गुरुनानक देव के बताए मार्ग पर चलने से ही विश्व में शांति की स्थापना हो सकती है।


सिक्ख इतिहास की झांकी सजाई

खुले पांडाल में बच्चों ने सिक्ख इतिहास की झांकी सजाई। रेलवे जंक्शन समेत अन्य विभिन्न मॉडल झांकी में प्रदर्शित किए गए। यहां गुरुनानक मिशन डिस्पेंसरी द्वारा मेडिकल कैम्प लगाया गया। इसमें 103 लोगों के स्वास्थ्य की जांच की गई। साथ ही कोटा ब्लड बैंक के सहयोग से रक्तदान शिविर लगाया गया, जिसमें लोगों ने उत्साह से रक्तदान किया। इस अवसर रपर गुरु का अटूट लंगर भी वरता गया, जिसे हजारों लोगों ने छका।