जयपुर। नगर निगम ग्रेटर गुरुवार को एक साथ 101 लोगों को एनओसी सौंपी। ये सभी अनापत्ति प्रमाण पत्र लंबे समय से अटके हुए थे। इन एनओसी के जारी होने के बाद अब निगम एक भी आवेदन ऑफलाइन स्वीकार नहीं करेगा। सरकार ने एक अप्रेल से ऑफलाइन आवेदन लेने पर रोक लगा दी है। निगम लंबे समय से फायर एनओसी समय पर जारी नहीं कर पा रहा है। अब भी 900 से ज्यादा आवेदन लंबित पड़े हैं। हालांकि इनमें 799 आवेदन ऐसे हैं जो आवेदनकर्ताओं के स्तर पर ही पेंडिंग हैं। जबकि 39 एनओसी के मामले खारिज कर दिए गए हैं। ऐसे में पेंडेंसी को खत्म करने के लिए एक साथ 101 एनओसी जारी की जा रही है। खास बात ये है कि जारी की जाने वाली सभी एनओसी के आवेदन ऑफलाइन मिले थे। इसलिए इस पेंडेंसी को निगम खत्म कर रहा है।
सरकार को इसलिए करनी पड़ी सख्ती
सरकार ने आमजन की सुविधाओं के लिए लंबे समय से ऑनलाइन आवेदन स्वीकार करने के निर्देश दे रखे हैं। खासकर कोविड के बाद जिस तरह से माहौल बदला है, उसमें लोग भी दफ्तरों के चक्कर काटने के बजाय आॅनलाइन काम को ही तवज्जो दे रहे हैं। ऐसे में आमजन से मिल रही शिकायतों के बाद सभी निकायों के लिए डीएलबी को यह आदेश जारी करना पड़ा है।
ये है फायर एनओसी के आवेदनों का हाल
कुल आवेदन-1503
आवेदनकर्ता के स्तर पर लंबित-799
निगम के स्तर पर लंबित-107
एनओसी जारी-558
ये आवेदन ऑनलाइन ही होंगे स्वीकार
नाम हस्तांतरण
मोबाइल टावर और ओएफसी
फायर एनओसी
सीवर कनेक्शन
ट्रेड लाइसेंस
नवीन भवन निर्माण स्वीकृति
साइनेज लाइसेंस