Jaipur Greater Nagar Nigam की सफाई व्यवस्था पटरी पर आने की उम्मीद बंधी है। ग्रेटर के मालवीय नगर जोन को सोमवार को 65 नए हूपर मिले हैं। निगम मुख्यालय से महापौर सौम्या गुर्जर और आयुक्त महेंद्र सोनी ने नई ठेका फर्म के इन हूपर्स को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। हालांकि शहर की सफाई व्यवस्था में फिर लोचा पड़ सकता है। नगर निगम ने फिर वही गलती दोहरा दी है, जिसका अंदेशा था। उधर अब ग्रेटर की जनता को कचरे के लिए यूजर चार्ज चुकाने पड़ेंगे।
दरअसल, जिस कंपनी ने मालवीय नगर निगम में डोर टू डोर कचरा संग्रहण का ठेका लिया है। यही फर्म जल्द ही मुरलीपुरा जोन में भी डोर टू डोर कचरा संग्रहण करेगी। ऐसे में पेमेंट सही समय पर नहीं हुआ तो फिर कचरा संग्रहण व्यवस्था अटक सकती है। हालांकि इस बार फर्म को किलो की बजाय प्रति हाउस के हिसाब से पैसा दिया जाएगा। एक घर से हर महीने कचरा संग्रहण के 111 रुपए फर्म को दिए जाएंगे।
1200 किलाो है हूपर की क्षमता
इस बार बड़ी साइज के हूपर वार्डों को उपलब्ध कराए गए हैं। एक हूपर की क्षमता 1200 किलो है जो पहले वाले हूपर के मुकाबले दुगुनी है। साथ ही हर हूपर पर वार्ड संख्या भी अंकित की गई है, ताकि हूपर उसी वार्ड से कचरा उठाए, जहां उसे लगाया गया है। हूपर में घरों से गाय की रोटी संग्रहित करने के लिए अलग से बाॅक्स लगाया गया है।
20 से 150 रुपए होगा हूपर चार्ज
नगर निगम प्रत्येक आवास से उसके क्षेत्रफल के आधार पर यूजर चार्ज की वसूली करेगा। इसमें 50 वर्गमीटर तक 50 रुपए, 50 से 300 वर्गमीटर तक 80 रुपए और 300 वर्गमीटर से अधिक पर 150 रुपए महीना यूजर चार्ज वसूल किया जाएगा। यह वसूली फर्म द्वारा की जाएगी जो सीधे नगर निगम के एस्क्रो अकाउंट में जााएगी। काॅमर्शियल में यूजर चार्ज 5 हजार रुपए महीने तक होगा।
यूं होगा फर्म को पेमेंट
फर्म को इस बार प्रति किलो कचरा की बजाय प्रति घर 111 रुपए महीने का भुगतान किया जाएगा। इससे पहले फर्म सभी मकानों के बाहर आरएफआईडी कार्ड लगाएगी। इस कार्ड में स्वैप के आधार पर ही पता चल पाएगा कि फर्म ने कचरा उठाया या नहीं। इसी आधार पर फर्म को भुगतान किया जाएगा।