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जैन समाज का प्रदेशव्यापी बंद, जैन संतों-आर्यिकाओं को सुरक्षा उपलब्ध करवाने की उठाई मांग

karnataka crime: सकल जैन समाज की ओर से दिगंबर-श्वेतांबर जैन संतों-आर्यिकाओं को सुरक्षा उपलब्ध करवाने, जैन श्रमण संस्कृति बोर्ड के गठन करने सहित अन्य मांगों को लेकर प्रदेशव्यापी बंद रखा गया है।

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जैन समाज का प्रदेशव्यापी बंद, जैन संतों-आर्यिकाओं को सुरक्षा उपलब्ध करवाने की उठाई मांग

जैन समाज का प्रदेशव्यापी बंद, जैन संतों-आर्यिकाओं को सुरक्षा उपलब्ध करवाने की उठाई मांग

जयपुर। सकल जैन समाज की ओर से दिगंबर—श्वेतांबर जैन संतों— आर्यिकाओं को सुरक्षा उपलब्ध करवाने, जैन श्रमण संस्कृति बोर्ड के गठन करने सहित अन्य मांगों को लेकर प्रदेशव्यापी बंद रखा गया है। इसे लेकर जयपुर में भट्टारकजी की नसिया में सकल जैन समाज की बैठक हुई, इसमें प्रदेशभर से जैन समाज के लोग शामिल हुए। यहां णमोकार महामंत्र जाप के साथ सभा हुई, सभा में समाजबंधुओं ने आक्रोश जताया। लोगों ने पद—विहार के दौरान साधु, संतों, आर्यिका माताजी को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग उठाई।

श्री महावीरजी प्रबंध समिति, मुनिसंघ व्यवस्था समिति और राजस्थान जैन सभा के आह्वान पर जैन समाजबंधु भट्टारक जी की नसियां पर एकजुट हुए। यहां सभा के बाद राज्यपाल, मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष और कलेक्टर को ज्ञापन देना तय किया गया। इसके लिए 11—11 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल बनाया गया। उधर, जैन बंधुओं ने अपने व्यापारिक प्रतिष्ठान, ऑफिस, दुकानें आदि बंद रखी। नौकरी से अवकाश रख समाजबंधुओं ने केंद्र सहित सभी राज्यों की सरकारों से संतों और मंदिरों में सुरक्षा की मांग की उठाई। देशभर में पिछले 11 दिनों से मौन जुलूस, विरोध प्रदर्शन कर सरकार से संतों और मंदिरों की सुरक्षा की मांग की जा रही है।

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ये रखी मांगे
पदविहार के दौरान साधु, संतों, आर्यिका माताजी को सुरक्षा उपलब्ध करवाई जाए।
जैन श्रमण संस्कृति बोर्ड का गठन किया जाए।
जैन तीर्थो, मंदिरों, धर्मशालाओं में हो रही चोरियों के खिलाफ तत्काल रोक लगे।
अल्पसंख्यक जैन समुदाय को "जैन छात्रावास" के लिए प्रत्येक जिलों में जमीन उपलब्ध करवाई जाए।
पद विहार करने वाले प्रत्येक साधुओं के रात्रि विश्राम को लेकर प्रत्येक बीस किलोमीटर "सामुदायिक विश्राम स्थल" बनाएं जाए।