महवा रेल फाटक पर शनिवार दोपहर ऐन वक्त पर हाइड्रोलिक क्रेन खराब होने से ओवरब्रिज पर गर्डर डालने की तैयारियां धरी रही गईं।
निर्माण एजेेंसी द्वारा मौके पर एक के्रन लाने से अब पटरियों के ऊपर गर्डर डालने का कार्य आगे के लिए टल गया है।
स्थिति यह रही कि गर्डर डालने के लिए मांगे गए साढ़े तीन घंटे के ट्रेन-ट्रैफिक ब्लॉक को 15 मिनट में निरस्त कराना पड़ा।
हालांकिडुमरिया के पास अण्डरपास की पुलिया बनने के कारण ट्रेनों का संचालन शाम करीब साढ़े चार बजे तक बंद रहा।
रेलवे की कम्पनी इरकॉन की देखरेख में 49 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे ओवरब्रिज की एक साइड में पटरियों के ऊपर गर्डर डालने के लिए दोपहर करीब 12 बजे से शाम साढ़े चार बजे तक का मेगा ब्लॉक लिया गया था।
इसके लिए निर्माण एजेंसी ब्रह्मपुत्रा इंफ्राप्रोजेक्ट के अधिकारी सुबह आठ बजे से महवा रोड फाटक को बंद कर पटरियों के पास भारी भरकम मशीनें खड़ी कर गर्डर डालने की तैयारी में जुट गए।
इसके लिए सुबह करीब 11 बजे इरकॉन के संयुक्त महाप्रबंंधक सुनील सिंह, मुख्य प्रोजेक्ट प्रबंंधक यू.बी. सिंह ब्रह्मपुत्रा इंफ्रा प्रोजेक्ट के महाप्रबंधक विनय देवड़ा ने पूजन कर मशीनी कार्य की शुरुआत की।
दोपहर 12.20 मिनट पर हाइड्रोलिक के्रन को गर्डर उठाने के लिए स्टार्ट किया तो के्रन से बूम बाहर नहीं निकले।
ऑपरेटर द्वारा काफी प्रयास के बाद भी बूम नहीं निकलने से इरकॉन व निर्माण ऐजेंसी अधिकारियों में खलबली मच गई।
क्रेन खराब होने की सूचना पर कर्षण विभाग के वरिष्ठ खण्ड अभियंता आर.पी. पाठक ने बंद पड़़ी ओएचई (ओवर हेड इलेक्ट्रिक) के ब्लॉक को निरस्त कर दिया।
वहीं इरकॉन अधिकारियों ने भी 12.45 बजे ड्यूटी स्टेशन मास्टर को रेलवे ट्रेफिक ब्लाक को निरस्त करने की सूचना दे दी।
शाम तक क्रेेन ऑपरेटर व अभियंता क्रेन ठीक करने में जुटे रहे। इधर, इरकॉन के क्षेत्रीय प्रबंधक वनमाली साहू का कहना है कि क्रे न ठीक होने के बाद ही गर्डर डालने की आगामी तिथि के बारे में बताया जा सकता है।