जयपुर

साहब… हमारी आंखों की रोशनी लौटा दो, हमें और कुछ नहीं चाहिए

अगर मोतियाबिंद का ऑपरेशन ही नहीं कराते तो अच्छा रहता। यह बात एसएमएस अस्पताल के चरक भवन में भर्ती स्यूडोमोनास इंफेक्शन से ग्रसित मरीजों ने हाथ जोड़ते हुए चिकित्सा मंत्री परसादी लाल मीणा से कही।

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Jul 05, 2023

जयपुर/ पत्रिका. साहब, अनहोनी को कोई नहीं टाल सकता, लेकिन आंखों की रोशनी लौटा दो। मुझे और कुछ नहीं चाहिए। अगर मोतियाबिंद का ऑपरेशन ही नहीं कराते तो अच्छा रहता। यह बात एसएमएस अस्पताल के चरक भवन में भर्ती स्यूडोमोनास इंफेक्शन से ग्रसित मरीजों ने हाथ जोड़ते हुए चिकित्सा मंत्री परसादी लाल मीणा से कही। चिकित्सा मंत्री मीणा मंगलवार शाम को मरीजों की कुशलक्षेम पूछने अस्पताल गए थे। इस दौरान चिकित्सा मंत्री ने कहा कि कहीं कोई गलती नहीं हुई। मरीजों को ठीक करके ही घर भेजा जाएगा। वहीं, उनसे पहले चिकित्सा - शिक्षा विभाग की एसीएस शुभ्रा सिंह ने भी दौरा कर मरीजों का हाल पूछा। एसीएस ने आंखों की अटकी रुटीन सर्जरी के लिए मरीजों को जयपुरिया, कांवटिया अस्पताल में रेफर करने के निर्देश दिए।

नहीं लग सका पता
पांचवें दिन भी इंफेक्शन के फैलने की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी। चिकित्सकों ने कहा कि दोबारा भेजे गए कल्चर की रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा। भर्ती मरीजों के परिजन में रोष है।

आरोप : कम संख्या दिखने के लिए बाहर भेजा
उनका आरोप है कि मरीजों की आंखों की रोशनी पूरी तरह से जा चुकी है। डॉक्टर दो-तीन बार सर्जरी कर चुके हैं, लेकिन सुधार नहीं है। घर में कमाने वाला कोई नहीं है। इसके बावजूद भी उन्हें घर भेज रहे हैं। कई मरीज- परिजन को धर्मशाला में रुकना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जिम्मेदारी से बचने के लिए ऐसा करना ठीक नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि एसीएस के दौरे से पहले चार मरीजों को अस्पताल में नीचे भेज दिया, ताकि संख्या कम दिखे। आरोप है कि पट्टी भी एसीएस के आने से पहले ही बांधी थी।

Published on:
05 Jul 2023 09:40 am
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