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पीएचसी का नया भवन फांक रहा धूल, पंचायत के एक कमरे में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र

राज्य सरकार ने माधोराजपुरा ब्लॉक के डिडावता में राजकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र स्वीकृत कर शुरू तो कर दिया, लेकिन भवन के अभाव में समूचा अस्पताल ग्राम पंचायत के एक कमरे में ही संचालित हो रहा है।

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पीएचसी का नया भवन फांक रहा धूल, पंचायत के एक कमरे में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र

पीएचसी का नया भवन फांक रहा धूल, पंचायत के एक कमरे में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र

जयपुर। जयपुर जिले के ग्रामीण अंचल में बेहतर चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने व ग्रामीणों की मांग पर राज्य सरकार ने माधोराजपुरा ब्लॉक के डिडावता में राजकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र (Government Primary Health Center) स्वीकृत कर शुरू तो कर दिया, लेकिन भवन के अभाव में समूचा अस्पताल ग्राम पंचायत के एक कमरे में ही संचालित हो रहा है। चिकित्सकीय परामर्श, जांच, दवा वितरित करने सहित वार्ड का सारा काम एक कमरे में हो रहा है।

ग्राम पंचायत कार्यालय के पास ही पीएचसी के लिए नया भवन बनकर तैयार है। नए भवन में दीपावली पर लक्ष्मी पूजन भी किया था, लेकिन शिफि्टंग नहीं होने से ग्रामीणों को बेहतर चिकित्सकीय सुविधाओं का लाभ नहीं मिल रहा। दूसरी ओर उपयोग के अभाव में भवन भी धूल फांक रहा है।

ये है मामला
जानकारी के मुताबिक यहां पहले उप स्वास्थ्य केंद्र संचालित था। उप स्वास्थ्य केंद्र का भवन जीर्ण-शीर्ण हो जाने से नया भवन बना गया था, लेकिन इसी बीच सरकार ने सब सेंटर को क्रमोन्नत कर दिया। उप स्वास्थ्य केन्द्र के भवन हस्तांतरण का मामला भी स्पष्ट नहीं हो सका।

इनका कहना है
मैंने विभागीय उच्चाधिकारियों को मामले से अवगत करा दिया है। नए भवन में शिङ्क्षफ्टग हो जाए तो मरीजों को राहत मिले।
डॉ. नितेश टेलर, चिकित्साधिकारी प्रभारी, डिडावता

हां, डिडावता में नया भवन बन चुका है। मैं मामले की जानकारी कर जल्द ही शिङ्क्षफ्टग कराने की कार्रवाई करता हूं।
डॉ. दिनेश कुमार शर्मा, बीसीएमओ

दो लोगों के भरोसे पीएचसी
असुविधाओं का आलम ये है कि समूचा पीएचसी दो व्यक्तियों के भरोसे संचालित हो रहा है। चिकित्साधिकारी के मुताबिक यहां स्टाफ का भी पूरी तरह टोटा है। चिकित्साधिकारी के अतिरिक्त महज एक एएनएम कार्यरत है। नतीजतन चिकित्सक को ही मरीज देखने, दवा देने, जांच करने सहित अन्य काम करने पड़ रहे हैं।

50 मरीज की रोज ओपीडी
पीएचसी के चिकित्साधिकारी प्रभारी डॉ. नितेश टेलर ने बताया कि उन्होंने 12 अगस्त को कार्यभार ग्रहण किया था। तभी से पीएचसी अस्तित्व में है। केन्द्र शुरू होने से मरीजों का आंकड़ा औसतन पचास मरीज प्रतिदिन तक है।

IMAGE CREDIT: patrika.com