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गांवों में दिखेगी राजस्थान के पर्यटन की तस्वीर, ग्रामीण पर्यटन प्रोत्साहन स्कीम का ड्राफ्ट जारी

राजस्थान पर्यटन नीति 2020 के तहत राजस्थान ग्रामीण पर्यटन प्रोत्साहन स्कीम का ड्राफ्ट जारी ड्राफ्ट पर प्रमुख प्रर्यटन व्यवसायियों,संबधित विभागों से मांगे सुझाव ग्रामीण क्षेत्रों में पर्यटन को बढावा देने के लिए स्कीम में गेस्ट हाउस पर्यटन,कृषि पर्यटन,कैंपिंग साइट जैसे खास आकर्षण रखे गए हैं

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अब टूरिज्म डेस्टीनेशन बनेंगे मध्यप्रदेश के गांव


जयपुर।
पर्यटन विभाग ने राजस्थान पर्यटन नीति 2020 के तहत राज्य में ग्रामीण क्षेत्रों में पर्यटन को बढावा देने के लिए राजस्थान ग्रामीण पर्यटन प्रोत्साहन स्कीम तैयार की है। इस स्कीम का ड्राफ्ट भी जारी कर दिया गया है। इस योजना से ग्रामीण क्षेत्रों में स्थापित की जाने वाली आवासीय इकाईयों,कृषि पर्यटन,कैंपिंग साइट की स्थापना से गांवो में नए रोजगार
सृजित होंगे व हस्तशिल्प को बढावा मिलेगा। साथ ही राजस्थान के पर्यटन की तस्वीर को पर्यटक ग्रामीण पर्यटन के माध्यम से करीब से देख सकेंगे। पर्यटन विभाग ने इस ड्राफ्ट पर प्रदेश के प्रमुख पर्यटन व्यवसायियों,संबधित विभागों से सुझाव मांगे हैं। नए ड्राफ्ट में ग्रामीण क्षेत्रों में गेस्ट हाउस,कृषि पर्यटन समेत कई ग्रामीण पर्यटनों को शामिल किया है।


गेस्ट हाउस इकाई
गेस्ट हाउस हाउस ग्रामीण क्षेत्र में बने हुए आवासीय भवनों में संचालित होंगे। न्यूनतम क्षेत्रफल व पार्किंग व कमरों के निश्चित आकार की आवश्यकता नहीं होगी।
पर्यटन विभाग के द्वारा संचालित समस्त पेइंग गेस्ट हाउस एवं ग्रामीण आबादी में स्थित होटल इस योजना का लाभ ले सकेंगे।
आबादी क्षेत्र में स्थित गेस्ट हाउस के मालिक का परिवार का गेस्ट हाउस परिसर में रहना जरूरी होगा।
6 से कम व 15 से अधिक अतिथियों को कमरे किराए पर नहीं दिए जा सकेंगे। अधिकतम 40 बेड अनुमत होंगे।
कम से कम दो कमरों का उपयोग मालिक व उसके परिवार के सदस्यों के द्वारा किया जा सकेगा।

कृषि पर्यटन इकाई,कैंपिंग साइट
कृषि पर्यटन इकाई,कैंपिंग साइट एवं कैरावेन पार्क ग्रामीण गैर आबादी क्षेत्र में संचालित होंगे।
कृषि पर्यटन इकाई कम से कम 5 हेक्टेयर पर स्थापित होगी। 20 प्रतिशत भाग निर्मित होगा और 80 प्रतिशत भाग का उंट फार्म,घोडा फार्म,घरेलू पक्षी व हस्तशिल्प आदि के लिए उपयोग होगा।
कैंपिंग साइट न्यूनतम 1 हेक्टेयर पर संचालित होगी।
ये रखा है इकाईयों के लिए शुल्क
पंजीकरण —नवीनीकरण
गेस्ट हाउस—1000 —1000
कृषि पर्यटन इकाई—21000 —21000
कैंपिंग साइट—21000 —21000
कैरावेन पार्क—21000 —21000


पर्यटकों को देनी होंगी ये सविधाएं
पानी व विद्युत की नियमित आपूर्ति
परिसर में साफ सफाई
पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था
पर्यटन इकाईयों के परिसर में फायर फाइटिंग सिस्टम
विदेशी पर्यटकों का रिकार्ड रखना होगा
हस्तांतरण,मालिकाना हक परिवर्तन संबधी सूचना पर्यटन विभाग को देनी होगी
रिसेप्शन पर पुलिस,अग्निशमन,अस्पताल व मालिक का फोन नंबर जरूरी
चिकित्सकीय सुविधाएं रखना जरूरी होगा
पर्यटकों की जानकारी वाले रजिस्टर को पांच वर्ष तक सुरक्षित रखा जाएगा

ये छूट मिलेंगी इकाई संचालकों को
गेस्ट हाउस,कृषि पर्यटन और कैंपिंग इकाई को स्टेट जीएसटी में 7 वर्ष की छूट
पर्यटन इकाई नीति 2015 व रिप्स 2019 के तहत समस्त छूट
आवेदन करने पर 45 दिवस में नलकूप खोदने की अनुमति देनी होगी
45 दिन की अविधि में विद्युत कनेक्शन जारी होगा
सार्वजनिक निर्माण विभाग को मुख्य सडक से इकाई तक सडक का निर्माण करना होगा

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