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राजस्थान के लिए सोना-चांदी जीतने वालों को नो माह से नहीं मिला वेतन

- वन विभाग का खिलाडिय़ों के साथ भेदभाव वाला खेल

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क्या ऐसे आगे बढ़ेगा इंडिया ! देश के 'सोने—चांदी' को प्रदेश में वेतन भी नहीं

क्या ऐसे आगे बढ़ेगा इंडिया ! देश के 'सोने—चांदी' को प्रदेश में वेतन भी नहीं

समीर शर्मा

जयपुर। पैरालम्पिक में सोना-चांदी जीतने कर विश्व में प्रदेश का नाम रोशन करने वाले सितारों को राज्य सरकार कई महीनों से वेतन तक नहीं दे पा रही। इनमें टोक्यो में गजब की जीवटता दिखाकर गोल्ड पदक जीतने वाली शूटर अवनी लेखरा, रजत पदक विजेता जेवलिन थ्रोअर देवेन्द्र झांझडिया और कांस्य पदक विजेता जेवलिन थ्रोअर सुन्दर गुर्जर जैसे खिलाड़ी शामिल हैं। राज्य सरकार ने इन खिलाडिय़ों को आउट ऑफ टर्न आधार पर वन विभाग में सहायक वन संरक्षक (एसीएस) के पद पर नियुक्ति दी, लेकिन वन विभाग की अफसरशाही आईटी के युग में अजीबोगरीब कारण बताकर अड़ंगे लगा रही है।

वन विभाग के अफसर खिलाडिय़ों को वेतन नहीं दे सकने के कारणों में पेन कार्ड नंबर, बैंक अकाउंट नंबर, आधार नंबर, एंप्लोई आईडी, पीआरएएन नंबर जैसी सूचनाएं उपलब्ध नहीं होना गिना रहे हैं। ये सभी जानकारी ईमेल, वॉट्स एप सहति अन्य माध्यमों से भी मंगवाई जा सकती हैं। सूत्रों के अनुसार सभी खिलाडिय़ों की ओर से सभी सूचनाएं उपलब्ध करवाई जा चुकी हैं, लेकिन अफसर संबंधित खिलाड़ी की भौतिक उपस्थिति चाहते हैं। वन विभाग इन तीन खिलाडिय़ों के अलावा एसीएस सहित अन्य पदों पर नियुक्त 9 और खिलाडिय़ों के वेतन रोके बैठा है। स्थिति यह है कि पदक जीतने के बाद खिलाडिय़ों को मिलने वाली प्राइस मनी तो सालों से ही अटकी रहती है।

मंत्री बोले, मिल रहा है वेतन

नामी-गिरामी खिलाडिय़ों को वन विभाग वेतन दे भी रहा है कि नहीं, वन मंत्री सुखराम विश्नोई को जानकारी तक नहीं है। उन्होंने पत्रिका संवाददाता को कहा कि विभाग में खिलाडिय़ों की आउट ऑफ टर्न नियुक्ति दी है। वेतन भी मिल रहा है। सूत्रों ने बताया कि इसके बाद मंत्री ने अधिकारियों को फोन किया और मामले की जानकारी ली। अधिकारियों ने खिलाडिय़ों के परिजनों को फोन कर दस्तावेज मांगे।

याचना नहीं करेंगे, भले ही वेतन नहीं मिले

एक बड़े खिलाड़ी के परिजन के अनुसार अधिकारी चाहते हैं कि खिलाड़ी उनके सामने खड़ा होकर वेतन की मांग करे। पैरालम्पिक की तैयारी में जुटे हुए थे। हम तो अपने खिलाड़ी को याचक के रूप में विभाग के अधिकारियों के सामने भेजना तक उचित नहीं समझते। भले ही वेतन नहीं दिया जाए। खिलाडिय़ों की भी एक गरिमा है।

नियुक्ति तिथि

अवनी लेखरा - 16.04.21

सुन्दर गुर्जर - 05.11.20

देवेन्द्र झांझडिय़ा - 01.12.20

कृष्णा नागर - 05.11.2020

निशा कंवर -09.11.20

संदीप सिंह मान - 09.11.20

दिव्यांश पंवार -15.04.21

महेंद्र सिंह - 18.11.20

सुमित्रा शमा - 20.11.20

भावेश शेखावत - 16.12.20

लवमीत कटारिया - 10.02.21

प्रखर असावा - 11.08.21