
जयपुर।
वसुंधरा राजे सिंधिया का नाम राजस्थान के इतिहास अपना खास स्थान रखता है। राजस्थान की पहली महिला मुख्यमंत्री बनने का गौरव इन्हे मिला है। राजस्थान के धौलपुर राजघराने की बहू बनकर आई वसुंधरा राजे को राजनीति विरासत में उनकी माँ से मिली है।
एक इंटरव्यू के दौरान जब वसुंधरा राजे से पूछा गया कि उन्होंने राजनीति में आने का फैसला कैसे किया, तब सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि ‘घूंघट के नीचे सिर्फ पैर
दिखाई देते है दुनिया नहीं‘। इस बात से प्रेरित होकर राजे ने राजनीति में आने का फैसला किया।
राजे को अक्सर विपक्षी दलों द्वारा महारानी कहकर संबोधित किया जाता है। साथ ही विपक्षी दलों का ये भी आरोप रहा है कि राजे हमेशा एक महारानी की तरह रहती है वह कभी जनता के बीच नहीं रहती, सिर्फ महलों से ही शासन चलाया करती हैं।
जब सीएम पद पर रहते हुए राजे से सवाल किया गया कि ‘8 PM नो CM‘ तो राजे ने कहा कि मेरी भी कुछ मर्यादाएं है, मैं भी एक महिला हूं और एक निश्चित समय
के बाद महिला को घर में जाना ही पड़ता है। वसुंधरा राजे को एक निडर, दबंग तेवरों वाली नेता के तौर पर जाना जाता है।
Updated on:
07 Mar 2019 05:37 pm
Published on:
07 Mar 2019 05:34 pm
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