5 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

45 दिन में शुरू हो जाएगी विदेशी पावणों की झमाझम, 25 प्रतिशत बढ़ जाएगा पर्यटन व्यवसाय

- कोरोना की पाबंदियां हटने से साफ हुई विदेशी सैलानियों के आगमन की राह- छिटपुट आवक वर्तमान में जारी

3 min read
Google source verification
45 दिन में शुरू हो जाएगी विदेशी पावणों की झमाझम, 25 प्रतिशत बढ़ जाएगा पर्यटन व्यवसाय

45 दिन में शुरू हो जाएगी विदेशी पावणों की झमाझम, 25 प्रतिशत बढ़ जाएगा पर्यटन व्यवसाय

जैसलमेर. भीषण गर्मी के चलते पूरी तरह से जैसलमेर का पर्यटन सीजन इन दिनों ऑफ चल रहा है। सारे पर्यटन स्थलों पर वीरानी का आलम है। ऐसे में इक्का-दुक्का विदेशी सैलानी घूमते नजर आ जाते हैं। जो आने वाले सीजन के लिए चमकदार संकेत माने जा रहे हैं। कोरोना की एक के बाद एक तीन लहरों के आकर गुजर जाने के बाद अब हालात देश और दुनिया में लगभग सामान्य हो चले हैं। खासकर यूरोपियन देशों, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका जहां से सर्वाधिक विदेशी जैसलमेर पर्यटन पर आते हैं, वहां के लिए भारत से नियमित व्यावसायिक उड़ानें सामान्य प्रभाव से चलना शुरू हो चुकी हैं और इन देशों के लोगों को भारत की ओर से पर्यटन वीजा पूर्व की तरह से दिए जा रहे हैं। यही कारण है कि जैसलमेर के लिए विदेशी पर्यटकों की बुकिंग्स स्थानीय टे्रवल एजेंट्स के पास पहुंचना शुरू हो चुकी हैं। कुछेक गाइड्स के पास भी जुलाई से सितम्बर की तारीखें आ गई हैं। जब उन्हें विदेशी मेहमानों को जैसलमेर का दर्शन करवाना होगा। इस सबसे जैसलमेर के दो साल से प्रभावित पर्यटन व्यवसाय को कम से कम 25 प्रतिशत बढ़ोतरी की उम्मीद जग गई है। जैसलमेर में जिन ट्रेवल एजेंसियों की शाखाएं हैं, उनके मुख्यालय दिल्ली या मुम्बई आदि मैट्रो शहरों में हैं, वहां नियमित तौर पर कामकाज शुरू हो गया है। उनके विदेशी कार्मिक भी यहां आकर काम संभाल चुके हैं। वैसे पिछले कुछ दिनों के दौरान जैसलमेर की धरा पर यूरोपियन सैलानियों का पगफेरा हो चुका है। सोमवार को भी शहर के गोपा चौक में भ्रमण करते हुए स्पेन का एक युगल खासा खुश नजर आया। हालांकि एहतियात के तौर पर उन्होंने चेहरे पर मास्क लगा रखा था। पत्रिका के साथ संक्षिप्त बातचीत में उन्होंने बताया कि वे जैसलमेर आकर बहुत खुशी महसूस कर रहे हैं। हालांकि यहां की चिलचिलाती धूप उन्हें सता रही है।
स्कूली छुट्टियों में आएंगे पावणे
विदेशों में स्कूलों में ग्रीष्मकालीन छुट्टियां जुलाई-अगस्त और कहीं-कहीं मध्य सितम्बर तक होती हैं। ऐसे में विगत वर्षों में विदेशी सैलानी अपने परिवार के साथ बड़ी संख्या में जैसलमेर भ्रमण पर आते रहे हैं। एक बार फिर विदेशी मेहमानों की बम्पर आवक की शुरुआत इन महीनों में होने की पूरी उम्मीद है। उनकी अग्रिम बुकिंग्स हो चुकी हैं। अगर कोरोना या कोई अन्य नाटकीय घटनाक्रम घटित नहीं हुआ तो सात समंदर पार से सैलानियों की रौनक स्वर्णनगरी के दर्शनीय स्थलों व बाजारों के अलावा सम के रेतीले समुद्र में नजर आनी तय है। जैसलमेर के टूरिस्ट गाइड गजेंद्र शर्मा और संजय वासु ने बताया कि फ्रांस, स्पेन, इटली में रहने वाले उनके अनेक दोस्तों ने आगामी महीनों में जैसलमेर आने की इच्छा जाहिर की है। ये दोनों गाइड पिछले दो दशक से अधिक समय से विदेशी पर्यटकों को जैसलमेर घूमाते रहे हैं। उन्हें पूरी उम्मीद है कि कोरोना की काली छाया से इस वर्ष जैसलमेर का पर्यटन व्यवसाय पूरी तरह से बाहर आ जाएगा।
गर्मी से भयभीत
वैसे विदेशी पर्यटकों का भारत में आगमन तो पिछले करीब एक महीने से विधिवत रूप से शुरू हो चुका है। इनमें से अनेक लोग रंग-रंगीले राजस्थान के विलक्षण पर्यटन नगर जैसलमेर की सैर भी करना चाहते हैं लेकिन इस बार यहां पड़ रही रिकॉर्ड तोड़ गर्मी की वजह से हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। जानकारी के अनुसार पिछले दिनों फ्रांस से छह पर्यटक जयपुर आने के बावजूद जैसलमेर में गर्मी का हाल जानकर यहां आने का इरादा तज गए। विदेशी पर्यटक 45 डिग्री और उससे भी अधिक तापमान झेलने के लिए खुद को तैयार नहीं पा रहे हैं। इक्का-दुक्का सैलानी मौसम की इस मार का भी सामना करते हुए जैसलमेर आ रहे हैं।
इन देशों से ज्यादा आवक
जैसलमेर में सबसे ज्यादा संख्या में सैलानी यूरोप के चंद देशों फ्रांस, इटली, स्पेन, जर्मनी के साथ इंग्लैंड, बेल्जियम आदि से आते हैं। उनके अलावा ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, कनाडा, इजराइल से भी पर्यटक पहुंचते हैं। दरअसल जैसलमेर में सबसे पहले विदेशी पर्यटक ही आए थे। 1970 के दशक में सीमावर्ती क्षेत्रों में तेल-गैस की खोज करने वाली कम्पनी में काम करने के लिए फ्रांस के इंजीनियर यहां पहुंचे थे। उन्होंने तब जैसलमेर भी देखा और यहां से जाने के बाद उन्होंने अपने रिश्तेदारों, दोस्तों को जैसलमेर की खूबसूरती के बारे में बताया। इसके बाद एक सिलसिला शुरू हो गया।

फैक्ट फाइल -
- 1970 के दशक से जैसलमेर में शुरू हुआ पर्यटन
- 2019 में 08 लाख से ज्यादा सैलानी आए थे
- 1.00 लाख विदेशी औसतन आते रहे हैं जैसलमेर