
किसानों के लिए अब तक की सबसे बड़ी खुशखबरी, एक लाख से अधिक किसानों का ऋण माफ
झुंझुनूं.
राज्य सरकार की ओर से किसानों के पचास हजार तक के ऋण माफ करने की घोषणा के बाद अब जिले में इस प्रक्रिया में तेजी आ गई हे। जिले में अब तक करीब एक लाख चार हजार 444 किसानों के 334 करोड़ के ऋण माफ किए जाएगें। इसको लेकर सोमवार से ऋण माफी का अभियान की शुरूआत जिले के गुढ़ागौडज़ी से प्रभारी मंत्री सुरेन्द्रपाल टीटी करेंगे। हालाकि सरकार की ओर से 11 राइडर लगा देने से जिले के हजारों किसान इस योजना का लाभ नहीं ले सकेंगे। जिले के झुंझुनूं केन्द्रीय सहकारी बैंक के अधिन आने वाली सहकारी समितियों के तहत जिले के एक लाख चार हजार 444 किसानों की सूची तैयार की गई है जिनके पचास हजार तक के ऋण माफ किए जाने है।
कल से शुरू होगा ऋण माफी का अभियान
केन्द्रीय सहकारी बैंक की ओर से जिले के किसानों के ऋण माफी की शुरूआत सोमवार सुबह 10 बजे को गुढ़ागौडज़ी में अटल सेवा केन्द्र पर आयोजित समारोह में होगी। समारोह के मुख्य अतिथि प्रभारी मंत्री सुरेन्द्र पाल सिंह टीटी होंगे। वहीं अतिथि के रुप में सांसद संतोष अहलावत, विधायक शुभकरण चौधरी एवं जिला कलक्टर दिनेश कुमार यादव होंगे। इस दौरान किसानों को ऋण माफी के प्रमाण पत्र दिए जाएगे। इसके अलावा 5 जून को भीमसर में कार्यक्रम आयोजित हेगा। इसके बाद 7 से 20 जून तक एक तिहाई ग्राम सेवा सहकारी समितियों पर ऋण माफी के आयोजन किए जाएगें।
आधार का भामाशाह से लिंक होना जरूरी
सरकार के निर्देश के अनुसार ऋण उन्हीं किसानों का माफ किया जाएगा जिनके पास आधार कार्ड है और वे भामाशाह से ***** हुआ है। जिनके पास आधार नहीं है उनके लिए ऋण माफ करने में अभी तक कोई निर्णय सरकार ने नहीं किया है।
इनको नहीं मिलेगा लाभ
केन्द्रीय सहकारी बैंक के प्रबंध निदेशक भंवर सिंह बाजिया ने बताया कि सरकार की ओर से प्राप्त आदेश के अनुसार जिले में 12 श्रेणी में आने वाले किसानों को ऋण माफी का लाभ नहीं मिलेगा। इसमें वर्तमान एवं पूर्व मंत्रीमंडील के सदस्य(राज्य एवं केन्द्र सरकार), वर्तमान एवं पूर्व सांसद विधायक, आयकर दाता किसान, राज्य एवं केन्द्र सरकार के वेतनभोगी कर्मचारी एवं अधिकारी, नियमित पेंशनधारक राज्य एवं केन्द्र सरकार, विभिन्न निगमों के नियुक्त पदाधिकारी जिन्हें राज्य एवं केबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त है।, राज्य सरकार के विभिन्न आयोगों के अध्यक्ष एवं सदस्य, सभी बैकों के, सार्वजनिक एवं निजी एवं सहकारी बैंकों के पदाधिकारी, कार्मिक एवं पेंशनधारक, राज्य एवं केन्द्रीय स्वायत्तशासी संस्थाओं एवं सार्वजनिक उपक्रमों के पदाधिकारी कार्मिक एवं पेंशनर्स, पंचायती राज संस्थाओं के कार्मिक एवं पंचायत समिति के वर्तमान प्रधान एवं जिला प्रमुख। सहकारी क्षेत्र की संस्थाओं के पूर्णकालिक कार्मिक आदि। इस श्रेणी में शामिल नहीं होंगे।
दो श्रेणी में होगा ऋण माफ
ऋण माफी की योजना को दो श्रेणी में विभाजित किया गया है। इसमें एक श्रेणी लद्यु एवं सीमान्त किसानों के लिए होगी तो दूसरी उच्च किसानों के लिए तैयार की गई है। लघु एवं सीमान्त किसान एक से दो हैक्टेयर एवं उच्च श्रेणी के किसानों को इससे अधिक भूमि होने पर माना जाएगा।
इस तरह से होगा ऋण माफ
लघु एवं सीमान्त किसानों को 30 सितम्बर 2017 तक के चालू बकाया में पैनाल्टी एवं ब्याज सहित पचास हजार का ऋण माफ होगा। वहीं इससे अधिक भूमि के किसानों को अनुपातिक रुप से 50 हजार का ऋण माफ किया जाएगा। ऋण माफ के बाद बकाया राशि का ऋण चुकानें के बाद ही वह पुन: ऋण का हकदार होगा।
Published on:
03 Jun 2018 06:25 pm
बड़ी खबरें
View Allझुंझुनू
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
