
ओसियों में मारवाड़ समारोह के समापन पर रेललाइन के पास लगेंगे बेरीकेड्स
ओसियां (जोधपुर) . मारवाड़ समारोह के समापन स्थल ओसियां स्थित खोखरी रेतीले धोरे पर कहीं अमृतसर जैसे हादसे की पुनरावृति न हो जाए इसके लिए प्रशासन रेललाइन के पास बेरीकेड्स लगाएगा।
राजस्थान पत्रिका ने 21 अक्टूबर के अंक में पत्रिका अलर्ट के तहत ‘अमृतसर की तरह ओसियां में भी रेललाइन से सटा है मारवाड़ का समापन स्थल’ शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसके बाद प्रशासन का ध्यान इस पर गया और दिन-भर अधिकारियों ने स्थल का मुआवना कर बेरीकेड्स लगाने व पुलिस कर्मी तैनात कर लोगों को रेल लाइन से दूर रखने का फैसला किया।
उपखण्ड अधिकारी रतनलाल रेगर ने बताया कि कार्यक्रम में प्रशासन एवं पुलिस के सहयोग से लोगों को रेललाइन से नहीं आने-जाने दिया जाएगा। उन्हें रोकने के लिए बेरीकेड्स लगाए जाएंगे। इसके लिए पुलिस विभाग एवं ओसियां सरपंच को निर्देश दे दिए गए है। वहीं सीओ मीणा ने बताया कि रेललाइन के पास अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात रहेंगे तथा सभी का आवागमन रेलवे क्रॉसिंग से ही किया जाएगा।
आरटीडीसी जोधपुर के उपनिदेशक भानु प्रतापसिंह ने बताया कि कार्यक्रम में पुलिस प्रशासन के अलावा भी पर्यटक विभाग के कर्मचारी भी रेललाइन के पास ध्यान रखेंगे। तहसीलदार आईदान पंवार ने रेलवे को कार्यक्रम के दौरान आने वाली गाडिय़ों की सूचना आधा घंटा पूर्व देने को कहा ताकि ट्रेन के आने सूचना की घोषणा कार्यक्रम मंच से की जा सके और दर्शक भी सतर्क रहे। इस दौरान मुख्य स्टेशन मास्टर प्रदीप सिंह ने विशेष रूप से कार्यक्रम के दौरान ट्रेनों आवागमन पर नजर रखने और वहां अतिरिक्त कर्मचारी तैनात करने की जरूरत बताई।
रविवार सुबह उपखण्ड अधिकारी रतनलाल रेगर, सीओ दिनेशकुमार मीणा, तहसीलदार आईदान पंवार, नायब तहसीलदार दीपक सांखला, थानाधिकारी जयकिशन सोनी व सरपंच श्यामलाल ओझा ने मौका मुआयना कर कार्यक्रम स्थल पर साफ सफाई एवं झाडिय़ां कटवाकर कार्यक्रम स्थल का क्षेत्र बढ़ाया ताकि लोग रेल लाइन से दूर रहें। इसके बाद पंचायत समिति सभागार में प्रशासन, जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य लोगों की विशेष बैठक हुई। इसमें अधिकारियों एवं कर्मचारियों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई। राजस्थान पर्यटन विकास निगम के अधिकारियों ने भी ओसियां पहुंचे और कार्यक्रम स्थल का मौका मुआयना कर वहां सुरक्षा प्रबंधों की समीक्षा की।
पत्रिका ने उठाया था मुद्दा
मारवाड़ समारोह 24 अक्टूबर को ओसियां में होगा। इस समारोह में दस हजार से अधिक पर्यटक और स्थानीय लोग हिस्सा लेते हैं। इस स्थल के पास ही रेललाइन उसी तरह गुजरती है जैसे अमृतसर के जोड़ा फाटक से होकर गुजरती है। वहां शुक्रवार को रावण दहन देखकर लोग ट्रेन की चपेट में आ गए थे।
ओसियां में भी समापन समारोह के दौरान भी लोग समारोह स्थल तक आने-जाने के लिए रेललाइन पार कर गुजरते है। राजस्थान पत्रिका ने अलर्ट के तहत समाचार प्रकाशित कर चेताया था कि कहीं यहां भी अमृतसर जैसा हादसा न हो जाए।
Updated on:
22 Oct 2018 12:08 am
Published on:
21 Oct 2018 11:39 pm
