
पैथोलॉजी विभाग के भरोसे एक दशक से चला रहे ब्लड बैंक
जोधपुर. डॉ. एसएन मेडिकल कॉलेज में इम्यूनो हेमेटोलॉजी एंड बल्ड ट्रांसफ्यूजन विभाग खुले एक दशक बीत चुका है, लेकिन अभी तक यहां पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्स तक शुरू नहीं हुआ है। इस विभाग के खुद के रेजिडेंट तक नहीं है। मौसमी बीमारियों के सीजन में ब्लड बैंकों में मैन पॉवर तक की कमी चल रही है। इतना ही नहीं, यहां पैथोलॉजी विभाग के डॉक्टर्स व उनके रेजिडेंट्स सेवाएं दे रहे हैं। डॉ. एसएन मेडिकल में आइएचबीटी विभाग साल २०१२ में बनाया गया था। ठीक दो साल बाद २०१४ में पीजी कोर्स शुरू करने की एनओसी आरयूएचएस से मिली। २०१५ में आरयूएचएस से ही तीन सीट की परमिशन जारी हुई। २०१६ में एमसीआइ ने निरीक्षण किया। उस समय निरीक्षण में कार्यरत फैकल्टी को योग्य फैकल्टी नहीं माना गया। मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने दिल्ली में पक्ष भी रखा गया, लेकिन पीजी कोर्स अभी तक शुरू न हो सका।
अब राज्य सरकार के पाले में गेंद
वर्तमान में चाहे तो राज्य सरकार यहां पीजी कोर्स शुरू करवा सकती है। क्योंकि जयपुर व कोटा में एमसीआइ ने यहां आइएचबीटी को फैकल्टी माना हुआ है, वहां के स्टाफ को जोधपुर मेडिकल कॉलेज में ट्रांसफर कर पीजी कोर्स शुरू किया जा सकता है। जबकि एमडीएम, उम्मेद व एमजीएच में एक-एक ब्लड बैंक संचालित है। जो पूर्व में पैथोलॉजी विभाग के अंतर्गत आते थे, मौजूदा फैकल्टी न तो पैथोलॉजी विभाग में आती हैं और ना हीं आइएचबीटी विभाग में।
राज्य सरकार को लिखा हुआ है...
इस विषय में राज्य सरकार को लिखा हुआ है, हम खुद प्रयासरत है। एमसीआई से अधिकृत होगा, उसके बाद विभाग खुलेगा।
- डॉ. एसएस राठौड़, प्रिंसिपल, डॉ. एसएन मेडिकल कॉलेज
Updated on:
12 Oct 2021 04:23 pm
Published on:
12 Oct 2021 04:23 pm
