
कोविड काल मे निर्यातकों को झटका: केंद्र सरकार 31 दिसम्बर को खत्म कर रही है एमइआइएस स्कीम
जोधपुर। केन्द्र सरकार की हैण्डीक्राफ्ट निर्यात उद्योग को बढ़ावा देने के लिए मर्चेंडाइज एक्सपोट्र्स फ्रॉम इंडिया स्कीम (एमइआइएस) ३१ दिसम्बर को समाप्त हो रही है। योजना बंद होने से निर्यातकों को मिलने वाली छूट बंद हो जाएगी, वहीं कोविड काल में निर्यात उद्योग को झटका लगेगा।
केन्द्र सरकार एमइआइएस योजना को रेमिशन ऑफ ड्यूटी और टेक्स ऑन एक्सपोर्ट प्रोजेक्ट (आरओडीटीइपी) में बदल रही है। इसके तहत योजना में दर निर्धारण को अंतिम रूप देने के लिए जीके पिल्लई की अध्यक्षता में समिति का गठन किया गया है। जोधपुर हैण्डीक्राफ्ट्स एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन की ओर से केन्द्रीय वाणिज्य मंत्रालय से एमइआइएस प्रोत्साहन स्कीम को 31 मार्च 2021 तक बढाने की मांग की गई। एसोसिएशन की ओर से कहा गया है देश का हैण्डीक्राफ्ट उद्योग लाखों लोगों को रोजगार देने के अलावा निर्यात के माध्यम से सरकार को करोड़ों रुपयों की विदेशी मुद्रा अर्जन करवा रहा है।
क्या है एमइआइएस योजना
मर्चेंडाइज एक्सपोट्र्स फ्रॉम इंडिया स्कीम विदेशी व्यापार नीति 2015-20 के तहत एक अप्रेल 2015 को शुरू की गई। 31 दिसंबर 2020 को यह स्कीम समाप्त हो रही है। केन्द्र सरकार की ओर से इस स्कीम के तहत जोधपुर के हैण्डीक्राफ्ट निर्यातकों को निर्यात को बढ़ावा देने के लिए 3 से 7 प्रतिशत की छूट दी जाती है। इस योजना की जगह अब आरोडीपीटी शुरू की जा रही है। जो अंतरराष्ट्रीय स्टैंडर्ड को पूरा करेगी।
कोरोना, कंटेनरों की कमी व कच्चे माल के दामों में 30 से 40 प्रतिशत की बढोतरी के कारण हैण्डीक्राफ्ट निर्यातक संकट की घड़ी से गुजर रहे है। ऐसी स्थिति में प्रोत्साहन रुपी एमइआइएस स्कीम को बन्द करने से निर्यातकों पर अतिरिक्त बोझ बढेगा । एसोसिएशन की ओर से इस स्कीम को आगे बढ़ाने के निवेदन पर सरकार ने ३१ मार्च तक बढ़ाने का आश्वासन दिया है। उम्मीद है जल्द ही इस पर सकारात्मक फैसला लिया जाएगा।
-डॉ भरत दिनेश, अध्यक्ष
जोधपुर हैण्डीक्राफ्ट्स एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन
Published on:
20 Dec 2020 04:56 pm
