
देवस्थान प्रबंधित मंदिर कल से खुलेंगे
जोधपुर. करीब सात माह से बंद जोधपुर के धार्मिक स्थल गुरुवार से खोल दिए जाने के बाद प्रथम दिन गुरुवार को श्रद्धालुओं की संख्या नगण्य रही। गृह विभाग की ओर से जारी आदेश की अनुपालना में वर्तमान कोविड -19 की स्थिति को देखते हुए जोधपुर जिले में सभी धार्मिक स्थलों को सावधानीपूर्व खोले जाने के संबंध में अपर जिला मजिस्ट्रेट (प्रथम) मदनलाल नेहरा की अध्यक्षता में प्रमुख धार्मिक स्थलों के अध्यक्ष, पुजारियों से विस्तृत चर्चा एवं प्राप्त सुझावों के आधार पर बुधवार को निर्णय लिया गया था। मसूरिया स्थित लोकदेवता बाबा रामदेव के गुरु बालीनाथ मंदिर का संचालन करने वाले ट्रस्ट के अध्यक्ष नरेन्द्र चौहान ने बताया कि मंदिर में सैनिटाइजनेशन के साथ थर्मल स्क्रीनिंग और सोशल डिस्टेंसिंग टनल बनाए गए है। गुरुवार से खोले जाने के बाद मंदिर में दर्शनार्थियों की संख्या अपेक्षाकृत कम रही।
देवस्थान प्रबंधित मंदिर कल से खुलेंगे
देवस्थान विभाग के अधीनस्थ मंदिरों को 6 नवम्बर से खोले जाने के लिए अनुशंषा के बाद गुरुवार को सहायक आयुक्त जतिन गांधी ने रातानाडा गणेश मंदिर, कुंज बिहारी मंदिर, गंगश्यामजी मंदिर, राज रणछोड़दास मंदिर आदि पहुंच कर दर्शन व्यवस्थाओं का जायजा लिया। रातानाडा गणेश मंदिर के पुजारी कमल किशोर व शिवशंकर अबोटी ने बताया कि जिला प्रशासन व सहायक आयुक्त के निर्देशानुसार दर्शनार्थियों के लिए व्यवस्था की गई है।
यह होगा अनिवार्य
-मंदिरों में मास्क, सेनिटाइजेशन और सोशल डिस्टेंसिंग सहित प्रवेश और निकास
-कोविड-19 गाइडलाइन की पूरी तरह पालना
-मंदिर परिसर में साफ सफाई व सेनिटाइज कर सोशल डिस्टेंसिंग के लिए छह फीट की दूरी पर बॉक्स मार्र्किंग
-पुजारियों को भी कोविड -19 गाईड लाईन की पूर्ण पालना जरूरी
-धार्मिक स्थलों पर साबुन से हाथ धोने की व्यवस्था
-मास्क , रेलिंग , सीढियों , दरवाजों पर दो बार हाईपोक्लोराईड से सेनेटाइज करना होगा।
-मंदिर के घण्टी को कपड़े से सील रखना होगा।
-मुख्य गर्भगृह में दर्शनार्थियों को खड़ा रखने के लिए सोशल डिस्टेसिंग की पालना सुनिश्चित करनी होगी।
-मंदिर परिसर में प्रसाद को चढ़ाने की व्यवस्था मंदिर के प्रवेश द्वार पर ही
-मंदिर परिसर में कीर्तन पाठ नहीं किया जा सकेगा।
- मंदिर में नो मास्क नो एन्ट्री की सख्ती से पालना करना होगा।
-आरती के समय दर्शन बंद रहेंगे, आरती के बाद पुन: दर्शन
-दर्शनार्थियों के नाम पता एवं मोबाईल नंबर सहित रजिस्टर में अनिवार्य रूप से संधारित करना होगा ।
-मंदिरों में 10 वर्ष से कम आयु के बच्चो एवं 65 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों का दर्शन में प्रवेश कोविड -19 सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मान्य नहीं होगा
Published on:
05 Nov 2020 10:33 pm
