9 अगस्त 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

खुद के पैसों के लिए भटक रही प्रसूताएं!

बाप. सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बाप में पिछले छह माह में संस्थागत प्रसव करवाने वाली 50 से अधिक प्रसूताओं को मुख्यमंत्री राजश्री योजना के तहत मिलने वाली प्रोत्साहन राशि की प्रथम किश्त का भुगतान नहीं मिला है।
2 min read
Google source verification
Gave memorandum

खुद के पैसों के लिए भटक रही प्रसूताएं!

बाप. सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बाप में पिछले छह माह में संस्थागत प्रसव करवाने वाली 50 से अधिक प्रसूताओं को मुख्यमंत्री राजश्री योजना के तहत मिलने वाली प्रोत्साहन राशि की प्रथम किश्त का भुगतान नहीं मिला है। विभागीय अधिकारियों की उदासीनता से प्रसूताओं के साथ-साथ उनके परिजनों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। किश्त का भुगतान क्यों नहीं मिल रहा है, इसका भी जिम्मेदार अधिकारी संतोषजनक जबाब नहीं दे रहे है।

दिया ज्ञापन : समता सैनिक दल तहसील शाखा बाप पदाधिकारियों ने बुधवार को उपखण्ड अधिकारी सुखाराम पिण्डेल को ज्ञापन दिया। ज्ञापन में बताया कि अगस्त 2018 से आज दिन तक जिन महिलाओं का सीएचसी बाप में संस्थागत प्रसव हुआ है, उन्हें इस योजना का लाभ नहीं मिला है। ज्ञापन में बताया कि जब उन्होंने इस संबंध में सीएचसी व ब्लॉक सीएमओ अधिकारियों से बात की तो उन्होंने बताया कि प्रसूता के खाते में उक्त प्रोत्साहन राशि जोधपुर कार्यालय से सीधे ऑनलाइन जमा होती है। हमारे यहां ऑनलाइन डाटा भेजा जाता है। ज्ञापन में प्रसुताओं को किश्त का भुगतान दिलवाने की मांग की। ज्ञापन देते समय एसएसडी बाप तहसील शाखा अध्यक्ष गणपत भाट, दलित चिंतक ओम जवड़ा, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी बाप प्रवक्ता नंदकिशोर तंवर, उप-सरपंच कुंदन मेघवाल, कांग्रेस सेवादल ब्लॉक फलोदी अध्यक्ष प्रकाश सैन, सुरजाराम भील, हीरालाल गहलोत, रामचन्द्र पंवार, ताराचंद गर्ग, पूनम नवल, पुरखाराम पूनड़, प्रेमाराम भील, मगराज गर्ग आदि उपस्थित थे।यह है योजना : मुख्यमंत्री राजश्री योजना की प्रथम दो किश्त उन सभी बालिकाओं को मिलेगी, जिनका जन्म किसी सरकारी अस्पताल या जननी सुरक्षा योजना से रजिस्टर्ड निजी चिकित्सा संस्थानों में हुआ हो। ये दोनों किश्त बालिकाओं के अभिभावकों को तब भी मिलेगी जिनके तीसरी संतान बालिका हो, लेकिन योजना में आगे की किश्तों का लाभ उन्हें नहीं मिल पाएगा। जानकारी के अनुसार संस्थागत प्रसव के तहत बालिका होने पर योजना के तहत कुल 50 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। बेटी के जन्म के समय 2500 , एक वर्ष का टीकाकरण होने पर 2500, पहली कक्षा में प्रवेश पर 4000 , कक्षा 6 में प्रवेश पर 5000, कक्षा 10 में प्रवेश लेने पर 11000 तथा कक्षा उर्तीण करने पर 25000 रूपए की आर्थिक सहायता राज्य सरकार द्वारा दी जाती है।

इनको नही मिला लाभ : इन्द्रा पत्नी गणपतलाल भाट निवासी बाप, सुशीला पत्नी प्रेमाराम मेघवाल निवासी बाप सहित कई प्रसुताओं को किश्त का भुगतान नही मिला है।

इन्होंने कहामेरे पास ज्ञापन आया है। चिकित्सा विभाग के अधिकारियों से जानकारी लेकर उचित कार्रवाई की जाएगी। किश्त भुगतान में विलंब का कारण क्या है, इसका पता लगाया जाएगा। सुखाराम पिण्डेल, उपखण्ड अधिकारी बाप।

योजना के तहत किश्त की राशि का भुगतान सीएमएचओ कार्यालय जोधपुर से होता है। हमारे द्वारा सभी प्रसूताओं का डाटा ऑनलाइन जोधपुर भेजा जा चुका है। डॉ दाउलाल चौहान, ब्लॉक सीएमओ बाप।

बड़ी खबरें

View All

जोधपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग