10 प्रतिशत लक्ष्य भी नहीं हुआ पूरा
जोधपुर.
राजस्थान हाउसिंग बोर्ड की ई-ऑक्शन प्रक्रिया में तकनीकी परेशानी का खामियाजा खरीदारों के साथ खुद आरएचबी को भी उठाना पड़ा है। जितने मकान व फ्लैट्स नीलामी प्रक्रिया में शामिल किए गए थे उनमें से 10 प्रतिशत भी नहीं बिके। ऐसे में मांग की जा रही है कि अब फिर से ऑक्शन प्रक्रिया अपनाई जाए।
उपायुक्त राजस्थान हाउसिंग बोर्ड के.आर चौधरी ने बताया कि कुड़ी हाउसिंग बोर्ड स्कीम में 252 मकान व फ्लैट ई-ऑक्शन प्रक्रिया में शामिल किए गए थे, जिनमें से 14 ही बिके हैं। इसके अलावा सबसे ज्यादा विवेक विहार स्कीम में फ्लैट 1235 थे, लेकिन महज 3 फ्लैट ही बिक पाए। इसके पीछे कारण सर्वर डाउन होना बताया जा रहा है। गौरतलब है कि हर जोन में मकानों के ई-ऑक्शन के लिए तीन दिन का समय रखा गया था। लेकिन इसमें से अधिकांश समय सर्वर ने साथ ही नहीं दिया। ऐसे में कई लोग पंजीयन करवाने से वंचित रहे तो कई लोग पंजीयन करवाने के बाद ऑक्शन प्रक्रिया में हिस्सा ही नहीं ले पाए।