
Fake Titan Watch (Photo-AI)
जोधपुर: ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म से खरीदी गई टाइटन कंपनी की घड़ी के नकली निकलने के मामले में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग द्वितीय, जोधपुर ने अमेजन इंडिया को दोषी ठहराते हुए 25 हजार रुपए का हर्जाना अदा करने के आदेश दिए हैं। आयोग ने इसे सेवा में गंभीर कमी और अनुचित व्यापार व्यवहार करार दिया है।
मामले के अनुसार, चौपासनी हाउसिंग बोर्ड निवासी अनाहिता अली ने अप्रैल 2022 में अपने पति को उपहार देने के लिए अमेजन इंडिया की वेबसाइट से 2695 रुपए में टाइटन ब्रांड की घड़ी ऑर्डर की थी। कुछ ही दिनों के उपयोग के बाद घड़ी खराब हो गई। जब परिवादिया ने घड़ी को टाइटन कंपनी के अधिकृत स्थानीय विक्रेता के पास जांच के लिए दिखाया, तो उसे नकली बताया गया।
इसके बाद अनाहिता अली ने जिला उपभोक्ता आयोग में परिवाद प्रस्तुत किया। सुनवाई के दौरान अमेजन इंडिया की ओर से दलील दी गई कि सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म को सेवा दोष के लिए जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता, क्योंकि भुगतान सीधे विक्रेता को किया गया था।
हालांकि, आयोग के अध्यक्ष यतीश शर्मा एवं सदस्या अनुराधा व्यास ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि जब कोई ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म लेनदेन में सक्रिय भूमिका निभाता है, तो वह उपभोक्ता के प्रति सावधानी और जिम्मेदारी के दायित्व से मुक्त नहीं हो सकता। आयोग ने अमेजन इंडिया को घड़ी की कीमत 2695 रुपए लौटाने, मानसिक पीड़ा के लिए 25 हजार रुपए तथा परिवाद व्यय के रूप में 5 हजार रुपए अदा करने के आदेश दिए।
Published on:
23 Jan 2026 01:49 pm

बड़ी खबरें
View Allजोधपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
