
प्रधानमंत्री मोदी ने की इन कोरोना के कर्मवीरों की सराहना, अनूठी मिसाल के लिए भेजा धन्यवाद पत्र
जोधपुर. कोरोना के खिलाफ जंग में ओसियां विधानसभा क्षेत्र के उम्मेदनगर गांव के एक किसान परिवार ने पहल करके यह बात सिद्ध कर दी है कि देश सेवा हो या समाज सेवा, किसान वर्ग हमेशा अग्रणी रहा है। उम्मेदनगर निवासी पाबूराम मण्डा व उनके पुत्र रामनिवास कोरोना लॉकडाउन में गरीब, दिहाड़ी मजदूरों व जरुरतमंदों के लिए मसीहा बनकर उभरे हैं। इस पहल के तहत पाबूराम व उनके पुत्र रामनिवास अपने सहयोगियों के साथ सरकार के आह्वान 'कोई भूखा ना सोए' की भावना का सम्मान करते हुए क्षेत्र के करीब 80 गांवों में अति जरुरतमंद परिवारों को राशन किट वितरित करने का कार्य कर रहे हैं। इसमें करीब 6 हजार परिवारों तक राशन किट पहुंचाने का कार्य युद्ध स्तर पर जारी है।
अनूठी मिसाल, प्रधानमंत्री ने भी धन्यवाद दिया
समाज व राष्ट्र के लिए मानव व समाज सेवा की अनूठी मिसाल कायम करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी मंडा परिवार के जज्बे को सराहा व पत्र लिखकर धन्यवाद दिया।
मॉनिटरिंग भी कर रहे
मंडा परिवार अपने अन्य समाजसेवी सहयोगियों की मदद से गांव-ढाणी तक पहुंचकर यह सुनिश्चित भी कर रहे है कि कोई भी परिवार इस आपदा के समय भूखा ना सोए। रामनिवास ने बताया कि वे स्वयं राशन सामग्री वितरण करने के साथ वितरण व्यवस्था की मॉनिटरिंग कर रहे है। इसके लिए वे सुबह घर से निकल जाते है और देर शाम तक घर आते है।
सोशल डिस्टेंसिंग की भी दे रहे जानकारी
रामनिवास ने बताया कि राशन किट वितरण के दौरान प्रधानमंत्री के सोशल डिस्टेंसिंग के आह्वान का भी ध्यान रख रहे हंै। न केवल वे स्वयं सोशल डिस्टेंसिंग की पालना कर रहे है बल्कि जहां भी जा रहे है वहां लोगों को भी कोरोना से लडऩे के लिए आपस में दूरी बनाए रखने की महत्व की जानकारी दे रहे है।
ये सामान दे रहे किट में
प्रत्येक राशन किट में 10 किलो आटा, 1 किलो दाल, 1 लीटर खाने का तेल, 1 किलो नमक, एक साबून, 2 बिस्कुट के पैकेट, 200 ग्राम मिर्ची, 100 ग्राम हल्दी, 150 ग्राम धनिया आदि खाद्य सामग्री वितरण कर रहे है।
Published on:
14 Apr 2020 12:51 pm
