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Rajasthan Election 2023: राजस्थान की इस विधानसभा सीट पर कांग्रेस-भाजपा में टक्कर, लेकिन मतदाता मौन

locationजोधपुरPublished: Nov 24, 2023 03:57:35 pm

Submitted by:

Rakesh Mishra

Rajasthan Election 2023: मारवाड़ में सबसे ज्यादा वीर सैनिक देने वाली धरती है शेरगढ़। यहां हर गांव-ढाणी से शूरवीर निलकते हैं, जो कि देश की आन-बान और शान के लिए सरहद पर सीना तानकर खड़े होते हैं। उसी निडरता से यहां कांग्रेस और भाजपा दोनों के प्रत्याशी एक-दूसरे के सामने सीना ताने खड़े हैं।

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अविनाश केवलिया। मारवाड़ में सबसे ज्यादा वीर सैनिक देने वाली धरती है शेरगढ़। यहां हर गांव-ढाणी से शूरवीर निलकते हैं, जो कि देश की आन-बान और शान के लिए सरहद पर सीना तानकर खड़े होते हैं। उसी निडरता से यहां कांग्रेस और भाजपा दोनों के प्रत्याशी एक-दूसरे के सामने सीना ताने खड़े हैं। फिलहाल यहां की फिजां में चुनाव का शोर है और आम मतदाताओं ने अब तक चुप्पी साध रखी है। कांग्रेस तो यहां भाजपा से लड़ रही है, लेकिन भाजपा के प्रत्याशी बाबूसिंह यहां न सिर्फ कांग्रेस से लड़ रहे हैं बल्कि चुनौती भाजपा की बी टीम से भी मिल रही है, जो खुलेआम विरोध में तो नहीं है, लेकिन पिछली बार की तरह भितरघात का डर है।

शेरगढ़ पर पिछली बार की तरह प्रत्याशी रिपीट हैं। भाजपा ने चार बार रहे विधायक बाबूसिंह राठौड़ को छठी बार मैदान में उतारा है, तो कांग्रेस से वर्तमान विधायक मीना कंवर टक्कर दे रही हैं। राजपूत बाहुल्य इस सीट पर प्रमुख प्रतिद्वंद्वी भी हमेशा राजूपत ही रहे हैं, लेकिन इस बार इंदावटी की कहानी कुछ अलग है। शेरगढ़ सीट पर इंदावटी का क्षेत्र निर्णायक भूमिका निभाता है। पिछली बार यहीं से बाबूसिंह को नुकसान हुआ था। इस बार भी दोनों ही पार्टियों की नजरें इसी इलाके पर टिकी हुई हैं। मीना कंवर को जहां सरकार की योजनाओं व सात गारंटी से उम्मीद है तो बाबूसिंह अपने परम्परागत वोट बैंक को मजबूत करने में जुटे हैं।
काम नहीं होने की टीस है
बालेसर क्षेत्र से जब हम शेरगढ़ क्षेत्र की ओर गए तो वहां मिले विक्रम सिंह बोले कि यहां की सड़कों की हालत आप देख रहे हैं। हाइवे को छोड़ कर एक भी सड़क की हालत ठीक नहीं है। शेरगढ़ कस्बे के समीप मिले रावत सिंह बताते हैं कि पानी की समस्या सबसे बड़ी है। 20 किमी दूर हमारी ढाणी है, उसमें पानी का कनेक्शन तक नहीं है। उनके साथ मिले बुजुर्ग हमीरसिंह भी यही समस्या बताते हैं।
यह हैं बड़े मुद्दे
- सैनिक बाहुल्य क्षेत्र के बावजूद सैन्य स्कूल नहीं खुला है।
- आज भी कई गांव-ढाणियों में लिफ्ट केनाल का पानी नहीं पहुंचा।
- कई दूरस्थ गांवों में सड़कों तक का अभाव है।
तीन प्रमुख वादे


कांग्रेस
- सड़कों व शिक्षा को बेहतर करेंगे।
- सिलिकोसिस पीड़ितों की मदद की जाएगी।
- पेयजल की स्थिति को बेहतर किया जाएगा।

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भाजपा
- गांव ढाणी तक रास्ते खराब हैं, उनको सुधारेंगे।
- जल जीवन मिशन में घर-घर तक पानी पहुंचाएंगे।
- जनता को भ्रष्टाचार मुक्त शासन देंगे।

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